बंगाल में घुसपैठियों के सहारे शासन का युग समाप्त होने को है, जनता ममता को जवाब देने को तत्पर: संजय सेठ
सारांश
Key Takeaways
- बंगाल में परिवर्तन की लहर तेज हो रही है।
- जनता ने ममता बनर्जी के विदाई का समय तय किया है।
- रोजगार का अभाव युवा पलायन को मजबूर कर रहा है।
- घुसपैठियों पर निर्भरता की राजनीति अब खत्म हो रही है।
- भाजपा विकास और सुशासन के लिए प्रतिबद्ध है।
बशीरहाट, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने सोमवार को पश्चिम बंगाल के बशीरहाट में भाजपा प्रत्याशियों के समर्थन में एक रोड शो का आयोजन किया। उन्होंने कहा कि बंगाल में परिवर्तन, सुरक्षा और राष्ट्रहित की आवाज बुलंद हो रही है। मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने यह भी कहा कि बंगाल में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो चुकी है और जनता ने ममता बनर्जी का विदाई का समय तय कर लिया है।
संजय सेठ ने यह भी आरोप लगाया कि टीएमसी सरकार में अधिकारी भी सुरक्षित नहीं हैं। जब पीएम मोदी 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' का नारा दे रहे हैं, तो ममता बनर्जी अपराधियों को संरक्षण दे रही हैं। जनता ने पिछले 15 वर्षों के कुशासन को देख लिया है और अब बदला लेने का मन बना लिया है।
रोजगार के मुद्दे पर संजय सेठ ने कहा कि बंगाल में रोजगार का अभाव है, जिससे 50 लाख युवा पलायन को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि एसआईआर के माध्यम से वोटर लिस्ट को साफ किया जाता है, इससे किसी को आपत्ति क्यों होनी चाहिए? लेकिन ममता बनर्जी बांग्लादेशी घुसपैठियों के लिए लड़ रही हैं, उन्हें बंगाल के लोगों की चिंता नहीं है।
उन्होंने यह भी कहा कि घुसपैठियों पर निर्भर रहकर सरकार चलाने और नीतियां बनाने का युग समाप्त होने वाला है। भारत कोई शरणार्थी शिविर नहीं, बल्कि 140 करोड़ लोगों का राष्ट्र है। तुष्टिकरण की राजनीति करने वालों को अब जनता जवाब देने के लिए तैयार है। इस बार पूरे बंगाल से परिवर्तन, सुरक्षा और राष्ट्रहित की आवाज उठ रही है। बंगाल की जनता पीएम मोदी के विकास के साथ खड़ी है और दुनिया मोदी को देख रही है, तो बंगाल की जनता भी उनके साथ है।
संजय सेठ ने कहा कि जिस प्रकार बिहार में एनडीए ने जीत दर्ज की, अब उसी जीत को बंगाल में भी दोहराया जाएगा। ममता दीदी का सूपड़ा साफ हो जाएगा। बशीरहाट में भाजपा प्रत्याशियों के नामांकन के दौरान जो जनसमूह देखा गया, उससे साफ है कि परिवर्तन की लहर तेज हो चुकी है और बंगाल में परिवर्तन निश्चित है। हर चेहरे का विश्वास यह दर्शाता है कि आने वाला समय पश्चिम बंगाल में विकास, सुशासन और जनकल्याण की नई दिशा निर्धारित करेगा।