क्या बिहार में डेयरी व्यवसाय से नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे? सीवान के गांवों में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन: सीएम नीतीश कुमार
सारांश
Key Takeaways
- डेयरी व्यवसाय से रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
- सीवान में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन होगा।
- सरकार ने किसानों की आय बढ़ाने के लिए योजनाएं बनाई हैं।
- 5 वर्षों में एक करोड़ युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य।
- सरकार द्वारा जनहित में कई योजनाएं चलाई जा रही हैं।
सीवान, 22 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गुरुवार को कहा कि राज्य में डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे जहां एक ओर बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिलेगा, वहीं दूसरी ओर लोगों की आमदनी भी बढ़ेगी, जिससे प्रदेशवासियों के जीवन में समृद्धि आएगी।
उन्होंने कहा कि सीवान में डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिए जिले के सभी 1,528 गांवों में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन किया जाएगा और जिले के सभी 293 पंचायतों में 'सुधा' बिक्री केंद्र खोला जाएगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा के दौरान यहां राजेंद्र स्टेडियम से जिले के विकास कार्यों की समीक्षा कर रहे थे।
समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में अधिक से अधिक युवाओं को नौकरी और रोजगार मिले, यह हमारी प्राथमिकता रही है। इसे ध्यान में रखते हुए राज्य के सभी जिलों में उद्योग स्थापित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार को सर्वाधिक विकसित राज्यों में शामिल करने के लिए सात निश्चय-3 कार्यक्रमों को लागू किया गया है।
उन्होंने कहा कि सात निश्चय-3 के प्रमुख उद्देश्यों में से एक 'कृषि में प्रगति प्रदेश की समृद्धि' भी है। इसके अंतर्गत किसानों की आय बढ़ाने के लिए वर्ष 2024 से 2029 के लिए चौथे कृषि रोड मैप को तेजी से लागू किया जा रहा है। साथ ही मखाना के लिए रोड मैप बनाकर मखाना के उत्पादन एवं प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जा रहा है। हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुंचाने के काम को आगे बढ़ाया जा रहा है।
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रगति यात्रा के दौरान स्वीकृत योजनाओं का क्रियान्वयन तेजी से करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार लोगों के हित में कार्य कर रही है, इसके लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। सरकार द्वारा जनहित में किए गए कार्यों को जनता तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने अगले 5 वर्षों में एक करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। राज्य में उद्योग लगाने और स्वरोजगार करने वालों को कई प्रकार की सुविधाएं देकर सरकार उन्हें प्रोत्साहित कर रही है। इस यात्रा के दौरान सीवान जिले के लिए 202 करोड़ रुपये की योजनाओं की सौगात दी गई। 157 करोड़ रुपए की 40 योजनाओं का शिलान्यास किया गया जबकि 45 करोड़ रुपये की 31 योजनाओं का उद्घाटन किया गया।