दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दहिया बोले — दो बेटों के बाद 'हमारी पूरी दुनिया बदल गई'
सारांश
मुख्य बातें
टेलीविजन की जानी-मानी अभिनेत्री दिव्यांका त्रिपाठी और उनके पति विवेक दहिया इन दिनों पितृत्व के नए अनुभव को पूरी तरह जी रहे हैं। दोनों ने हाल ही में बताया कि दो बेटों के जन्म के बाद उनकी ज़िंदगी की प्राथमिकताएँ पूरी तरह बदल चुकी हैं और अब उनका हर पल बच्चों के इर्द-गिर्द घूमता है।
बच्चों के आने से कैसे बदली ज़िंदगी
दिव्यांका और विवेक ने बताया कि उनका दिन अब बच्चों की सलामती की फ़िक्र के साथ शुरू होता है। उन्होंने कहा, 'जब हम सुबह उठते हैं, तो हमारा पहला ख़याल यही होता है कि क्या बच्चे रो रहे हैं? क्या बच्चे ठीक हैं? क्या हमें जाकर उन्हें देखना चाहिए? और अगर वे ठीक हैं, तो हमारा मन करता है कि उनके साथ खेलें।'
दोनों ने यह भी जोड़ा, 'सबसे बड़ा बदलाव यह है कि पहले हम अपने और एक-दूसरे के बारे में सोचते थे। अब हमारी पहली प्राथमिकता और सारा ध्यान हमारे बच्चों पर है।'
पेशेवर जीवन पर असर
पितृत्व ने इस दंपति के काम को देखने का नज़रिया भी बदल दिया है। विवेक और दिव्यांका ने बताया, 'हम सोचते थे कि हमें अपने काम में कुछ अच्छा करना चाहिए। अब हमें लगता है कि हम जो भी करें, वह बच्चों के लिए अच्छा होना चाहिए।' यह बदलाव दर्शाता है कि माता-पिता बनना उनके करियर के लक्ष्यों को भी एक नई दिशा दे रहा है।
दिव्यांका ने यह भी कहा, 'बस बात यह है कि हमने कभी अपने बारे में उतना नहीं सोचा, जितना हम इन नए लोगों के बारे में सोचते हैं।' यह भावना उस गहरे बदलाव को उजागर करती है जो पहली बार माता-पिता बनने पर आता है।
दिव्यांका और विवेक की प्रेम कहानी
दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दहिया की मुलाकात लोकप्रिय टीवी शो 'ये है मोहब्बतें' के सेट पर हुई थी, जहाँ दोनों साथ काम करते-करते एक-दूसरे के करीब आए। जनवरी 2016 में दोनों ने सगाई की और करीब पाँच महीने बाद जुलाई 2016 में भोपाल में विवाह के बंधन में बँध गए।
शादी के कुछ वर्षों बाद इस जोड़े के घर में दो बेटों का जन्म हुआ, जिसने उनकी ज़िंदगी में एक नए और खूबसूरत अध्याय की शुरुआत की। टेलीविजन जगत में इस दंपति की जोड़ी को दर्शकों का भरपूर प्यार मिलता रहा है।
आगे क्या
दोनों अभिनेता फ़िलहाल अपने पारिवारिक जीवन को प्राथमिकता देते हुए अपने करियर को भी संतुलित बनाए रखने की कोशिश में हैं। उनका यह खुलासा उन लाखों दर्शकों को प्रेरणा दे सकता है जो उन्हें परदे पर और परदे के पीछे दोनों जगह पसंद करते हैं।