क्या विजेता पंडित ने अपनी डेब्यू फिल्म के लिए स्क्रीन टेस्ट देने से किया था इनकार?

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क्या विजेता पंडित ने अपनी डेब्यू फिल्म के लिए स्क्रीन टेस्ट देने से किया था इनकार?

सारांश

विजेता पंडित की अद्भुत यात्रा, जिन्होंने अपनी पहली फिल्म 'लव स्टोरी' के लिए स्क्रीन टेस्ट देने से मना कर दिया। जानिए कैसे इस फैसले ने उनके करियर को प्रभावित किया और उनकी और कुमार गौरव की कहानी क्या थी?

Key Takeaways

  • विजेता पंडित का आत्मविश्वास उन्हें दूसरों से अलग बनाता है।
  • उन्होंने अपनी पहली फिल्म के लिए स्क्रीन टेस्ट देने से मना किया।
  • उनका प्यार और करियर में संघर्ष की कहानी प्रेरणादायक है।

मुंबई, 24 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। विजेता पंडित हिंदी सिनेमा की एक ऐसी अभिनेत्री हैं, जो अपनी पहली फिल्म से ही स्टारडम हासिल कर चुकी थीं। उनकी पहली फिल्म 'लव स्टोरी' थी, जिसमें कुमार गौरव के साथ उनकी जोड़ी ने सभी का ध्यान आकर्षित किया और फिल्मकार उन्हें अपनी फिल्मों में लेने के लिए उत्सुक हो गए।

25 अगस्त 1967 को विजेता पंडित का जन्म हरियाणा के हिसार में हुआ। उनके चाचा प्रसिद्ध संगीतकार पंडित जसराज थे, और उनके भाई जतिन-ललित पंडित भी मशहूर म्यूजिक कंपोजर हैं। विजेता के सुर भी काफी अच्छे हैं।

1981 में 'लव स्टोरी' के साथ बॉलीवुड में कदम रखने के किस्से भी दिलचस्प हैं। विजेता पंडित ने एक पॉडकास्ट में बताया था कि उन्होंने इस फिल्म के लिए स्क्रीन टेस्ट देने से पूरी तरह मना कर दिया था।

असल में, राजेंद्र कुमार अपने बेटे कुमार गौरव को लॉन्च करने के लिए एक फिल्म बनाना चाहते थे और इस फिल्म के लिए उन्होंने विजेता पंडित को चुना। जब विजेता को पता चला कि राजेंद्र कुमार उन्हें अपने बेटे के साथ 'लव स्टोरी' में लेना चाहते हैं, तो वह उनके घर गईं।

यहां राजेंद्र कुमार ने उनसे कहा, "मेरी एक गुजारिश है कि मैं आपका स्क्रीन टेस्ट लूंगा। चिंता मत करो, आपको बस डायलॉग पढ़ने हैं और स्क्रीन पर अपना चेहरा दिखाना है।"

लेकिन पहली फिल्म होने के बावजूद विजेता ने इनकार कर दिया। उन्होंने कहा, "मुझे पता है कि मैं अभिनय कर सकती हूं, लेकिन मैं स्क्रीन टेस्ट नहीं दूंगी।"

राजेंद्र कुमार उनका जवाब सुनकर चौंक गए और उन्होंने राज कपूर को फोन किया। राज कपूर ने उन्हें सलाह दी कि विजेता को एक्टिंग कोर्स करवाएं ताकि उन्हें फिल्म में एक्ट्रेस को लेने में कोई परेशानी न हो।

इसी तरह विजेता को अपनी पहली फिल्म मिली। फिल्म ने रिलीज होने के बाद बॉक्स ऑफिस पर धूम मचाई और यह एक ब्लॉकबस्टर हिट साबित हुई। रातों-रात कुमार गौरव और विजेता पंडित दोनों स्टार बन गए।

इस फिल्म की शूटिंग के दौरान विजेता और कुमार गौरव के बीच प्यार हो गया। यह प्यार इतना गहरा था कि दोनों शादी करना चाहते थे। लेकिन राजेंद्र कुमार नहीं चाहते थे कि उनके बेटे की शादी विजेता पंडित से हो। इस विरोध के चलते उनका रिश्ता टूट गया।

इस कारण विजेता पंडित को उन सारी फिल्मों के लिए मना करना पड़ा जिनमें उन्हें कुमार गौरव के साथ कास्ट किया गया था। इसका असर उनके करियर पर पड़ा और उन्होंने बाद में 'मोहब्बत' से वापसी की कोशिश की, लेकिन वह शोहरत और सफलता नहीं मिल पाई जैसी कि 'लव स्टोरी' से मिली थी।

Point of View

यह कहानी दर्शाती है कि कैसे एक अभिनेत्री ने अपने आत्मविश्वास को बनाए रखा, जबकि उद्योग के दबावों का सामना किया। विजेता पंडित का अनुभव हमें यह सिखाता है कि जब आप अपने कौशल पर विश्वास करते हैं, तो आप किसी भी चुनौती का सामना कर सकते हैं।
NationPress
30/08/2025

Frequently Asked Questions

विजेता पंडित ने अपनी डेब्यू फिल्म के लिए क्यों इनकार किया?
विजेता पंडित ने अपने आत्मविश्वास के चलते स्क्रीन टेस्ट देने से मना किया था, क्योंकि उन्हें पता था कि वह अभिनय कर सकती हैं।
क्या विजेता और कुमार गौरव का रिश्ता सफल रहा?
नहीं, विजेता पंडित और कुमार गौरव का रिश्ता राजेंद्र कुमार की इच्छा के कारण टूट गया।
विजेता पंडित की पहली फिल्म का नाम क्या था?
उनकी पहली फिल्म का नाम 'लव स्टोरी' था।
विजेता पंडित के चाचा कौन थे?
विजेता पंडित के चाचा प्रसिद्ध संगीतकार पंडित जसराज थे।
क्या 'लव स्टोरी' ने विजेता पंडित को सफलता दिलाई?
'लव स्टोरी' ने विजेता पंडित को रातों-रात स्टार बना दिया।