हनव्हा एयरोस्पेस फैक्ट्री विस्फोट में 5 की मौत, दक्षिण कोरिया के डेजॉन प्लांट में उत्पादन रोका
सारांश
मुख्य बातें
हनव्हा एयरोस्पेस के डेजॉन रक्षा संयंत्र में सोमवार को हुए एक भीषण विस्फोट में पाँच कर्मचारियों की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गए। इस हादसे के बाद दक्षिण कोरिया के श्रम अधिकारियों ने सुरक्षा कानूनों के तहत संयंत्र की प्रभावित उत्पादन लाइन में काम तत्काल रोकने का आदेश दिया। हनव्हा ग्रुप की इस डिफेंस कंपनी ने मंगलवार, 2 जून को एक रेगुलेटरी फाइलिंग के ज़रिए इस घटनाक्रम की आधिकारिक पुष्टि की।
घटना का विवरण
रिपोर्टों के अनुसार, विस्फोट के समय संयंत्र के कर्मचारी उन औज़ारों की सफाई कर रहे थे जिनमें प्रोपेलेंट पाउडर के अवशेष बचे हुए थे। प्रोपेलेंट पाउडर एक अत्यंत ज्वलनशील पदार्थ है जो रॉकेट और मिसाइल प्रणालियों में ईंधन के रूप में इस्तेमाल होता है। जाँचकर्ता अब यह निर्धारित करने में जुटे हैं कि आग या विस्फोट किस कारण से शुरू हुआ और क्या संयंत्र में ज्वलनशील सामग्री को उचित सुरक्षा मानकों के साथ संग्रहीत किया गया था।
पुलिस ने इस मामले की जाँच के लिए एक संयुक्त जाँच दल गठित किया है। यह संयंत्र सियोल से लगभग 140 किलोमीटर दक्षिण में स्थित है।
डेजॉन प्लांट का सामरिक महत्व
डेजॉन स्थित यह संयंत्र दक्षिण कोरिया के रक्षा उत्पादन का एक अहम केंद्र है और इसे 'वर्गीकृत रक्षा सुविधा' का दर्जा प्राप्त है। यहाँ 'चुनमू' मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर और लंबी दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल प्रणाली (एल-सैम) सहित कई महत्वपूर्ण हथियार प्रणालियाँ निर्मित होती हैं।
कंपनी के अनुसार, प्रभावित उत्पादन लाइन ने पिछले वित्त वर्ष में लगभग 1.32 ट्रिलियन वॉन (करीब 87 करोड़ डॉलर) का राजस्व अर्जित किया था, जो हनव्हा एयरोस्पेस की कुल वार्षिक आय का लगभग 4.94 प्रतिशत है। यह आँकड़ा दर्शाता है कि उत्पादन रुकने से कंपनी को वित्तीय दबाव का सामना करना पड़ सकता है।
सरकार और जाँच एजेंसियों की प्रतिक्रिया
दक्षिण कोरिया की रक्षा खरीद एजेंसी डिफेंस एक्विज़िशन प्रोग्राम एडमिनिस्ट्रेशन (डीएपीए) ने मंगलवार को घोषणा की कि वह जाँच में सहायता के लिए अपने संबद्ध संस्थानों को तकनीकी संसाधन उपलब्ध कराएगी। डीएपीए ने स्थिति को संभालने के लिए एक विशेष टास्क फोर्स का गठन भी किया है।
डीएपीए के प्रवक्ता किम जू-चुल ने एक प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि ज़रूरत पड़ने पर एजेंसी फॉर डिफेंस डेवलपमेंट और डिफेंस एजेंसी फॉर टेक्नोलॉजी एंड क्वॉलिटी जैसे विशेषज्ञ संस्थानों के विशेषज्ञों और तकनीकी संसाधनों का उपयोग किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि ऊँची सुरक्षा वाली रक्षा फैक्ट्रियों में संबंधित कानूनों के तहत हर वर्ष नियमित निरीक्षण किया जाता है।
आगे क्या होगा
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब दक्षिण कोरिया अपनी रक्षा निर्यात क्षमताओं को तेज़ी से बढ़ा रहा है और हनव्हा एयरोस्पेस इस विस्तार में अग्रणी भूमिका निभा रही है। गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब किसी संवेदनशील रक्षा संयंत्र में कार्यस्थल सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठे हों। जाँच के नतीजे न केवल इस संयंत्र बल्कि दक्षिण कोरिया की समूची रक्षा विनिर्माण व्यवस्था में सुरक्षा मानकों की समीक्षा को प्रेरित कर सकते हैं।