मास्को ड्रोन हमले में भारतीय श्रमिक की मौत, तीन घायल; दूतावास ने की पुष्टि

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मास्को ड्रोन हमले में भारतीय श्रमिक की मौत, तीन घायल; दूतावास ने की पुष्टि

सारांश

मास्को में यूक्रेनी ड्रोन हमले की चपेट में आए चार भारतीय श्रमिक — एक की मौत, तीन घायल। भारतीय दूतावास मौके पर, परिवार को संवेदना और हरसंभव मदद का आश्वासन। रूस-यूक्रेन जंग में अब भारतीय नागरिक भी सीधे प्रभावित।

मुख्य बातें

मास्को में 18 मई 2025 को हुए यूक्रेनी ड्रोन हमले में एक भारतीय श्रमिक की मौत, तीन अन्य घायल ।
रूस स्थित भारतीय दूतावास ने घटना की पुष्टि की; अधिकारी घटनास्थल और अस्पताल पहुँचे।
रूसी अधिकारियों के अनुसार रातभर के हमलों में कुल 3 मौतें , 12 से अधिक घायल ; कुछ रिहायशी इमारतों को नुकसान।
रूस के रक्षा मंत्रालय का दावा — 24 घंटों में 500 से अधिक यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए गए।
राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने हमले को रूसी कार्रवाई का 'जायज जवाब' बताया।

रूस की राजधानी मास्को में 18 मई 2025 को हुए यूक्रेनी ड्रोन हमलों में एक भारतीय श्रमिक की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य भारतीय नागरिक घायल हो गए। रूस स्थित भारतीय दूतावास ने इस घटना की आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया कि घायलों का स्थानीय अस्पताल में उपचार जारी है।

दूतावास की प्रतिक्रिया और राहत कार्य

भारतीय मिशन के अधिकारी घटना की सूचना मिलते ही तत्काल घटनास्थल पर पहुँचे और अस्पताल में भर्ती भारतीय नागरिकों से मुलाकात कर उनकी स्थिति का जायजा लिया। दूतावास ने मृतक के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है।

दूतावास की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया कि वह स्थानीय रूसी प्रशासन और संबंधित नियोक्ता कंपनी के साथ निरंतर संपर्क में है, ताकि प्रभावित भारतीय नागरिकों को हर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

हमले का व्यापक असर

रूसी अधिकारियों के अनुसार, रातभर चले इन हमलों में कम से कम तीन लोगों की मौत हुई और 12 से अधिक लोग घायल हुए। मास्को के मेयर सर्गेई सोब्यानिन ने बताया कि हमले के दौरान शहर की तेल रिफाइनरी सुरक्षित रही, हालाँकि कुछ रिहायशी इमारतों को नुकसान पहुँचा।

रूस के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि पिछले 24 घंटों में देशभर में — जिनमें मास्को क्षेत्र भी शामिल है — 500 से अधिक यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए गए।

ज़ेलेंस्की का पक्ष

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की ने मास्को क्षेत्र पर हुए हमले को रूस की सैन्य कार्रवाई का जवाब बताया। उन्होंने कहा कि यूक्रेन अपने शहरों पर हो रहे हमलों के विरुद्ध जवाबी कार्रवाई कर रहा है और रूस को युद्ध समाप्त करना चाहिए।

सोशल मीडिया पर अपनी पोस्ट में ज़ेलेंस्की ने लिखा कि रूस द्वारा युद्ध को लंबा खींचने और यूक्रेनी शहरों पर हमलों के जवाब में उनकी कार्रवाई 'पूरी तरह जायज' है। उन्होंने कहा, 'इस बार यूक्रेन के लंबी दूरी के ड्रोन मास्को क्षेत्र तक पहुँच गए। हम रूसियों से साफ कह रहे हैं — यह जंग खत्म करो।'

भारतीय नागरिकों पर असर

यह ऐसे समय में आया है जब रूस-यूक्रेन संघर्ष क्षेत्र में कई भारतीय नागरिकों के फँसे होने की खबरें सामने आती रही हैं। गौरतलब है कि इससे पहले भी कुछ भारतीय युवाओं के रूसी सेना में भर्ती होने और युद्धक्षेत्र में जान गँवाने की घटनाएँ सामने आ चुकी हैं। भारत सरकार ने अपने नागरिकों को युद्धग्रस्त क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी हुई है।

फिलहाल दूतावास मृतक के पार्थिव शरीर को स्वदेश वापस लाने और घायलों के उचित उपचार की व्यवस्था में जुटा है। आने वाले दिनों में इस मामले पर भारत सरकार का आधिकारिक बयान अपेक्षित है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो दिल्ली की कूटनीतिक 'तटस्थता' की सीमाओं को उजागर करती हैं। सवाल यह है कि क्या भारत सरकार के पास युद्धग्रस्त देशों में काम कर रहे अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए कोई ठोस तंत्र है — या हर बार दूतावास की 'हरसंभव मदद' के आश्वासन से काम चलाया जाता है। जब तक नागरिकों की सुरक्षा के लिए सक्रिय निगरानी और निकासी प्रोटोकॉल नहीं बनते, ऐसी त्रासदियाँ दोहराती रहेंगी।
RashtraPress
17 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मास्को ड्रोन हमले में भारतीय श्रमिक की मौत कैसे हुई?
मास्को क्षेत्र में यूक्रेन के ड्रोन हमले के दौरान एक भारतीय श्रमिक की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हो गए। भारतीय दूतावास ने इसकी पुष्टि की है और घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है।
भारतीय दूतावास ने इस मामले में क्या कदम उठाए?
रूस स्थित भारतीय दूतावास के अधिकारी तत्काल घटनास्थल और अस्पताल पहुँचे। दूतावास स्थानीय रूसी प्रशासन और संबंधित कंपनी के संपर्क में है ताकि प्रभावित नागरिकों को हर आवश्यक सहायता मिल सके।
इस ड्रोन हमले में कुल कितने लोग हताहत हुए?
रूसी अधिकारियों के अनुसार रातभर चले हमलों में कम से कम 3 लोगों की मौत हुई और 12 से अधिक घायल हुए। इनमें एक भारतीय श्रमिक की मौत और तीन भारतीयों के घायल होने की पुष्टि भारतीय दूतावास ने की है।
यूक्रेन ने मास्को पर ड्रोन हमले क्यों किए?
राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की ने इसे रूस की सैन्य कार्रवाई का जवाब बताया। उन्होंने कहा कि यूक्रेन अपने शहरों पर हो रहे रूसी हमलों के विरुद्ध जवाबी कार्रवाई कर रहा है।
रूस में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर क्या स्थिति है?
यह घटना इस बात की याद दिलाती है कि युद्धग्रस्त रूस में काम कर रहे भारतीय नागरिक गंभीर जोखिम में हैं। भारत सरकार पहले भी अपने नागरिकों को संघर्ष क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दे चुकी है।
राष्ट्र प्रेस
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