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क्या भारत की सहायता से नेपाल के सबसे लंबे मॉड्यूलर पुल का उद्घाटन हुआ?

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क्या भारत की सहायता से नेपाल के सबसे लंबे मॉड्यूलर पुल का उद्घाटन हुआ?

सारांश

नेपाल में भारतीय सहायता से निर्मित 70 मीटर लंबे मॉड्यूलर पुल का उद्घाटन हुआ। यह पुल कोशी प्रांत के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों को जोड़ता है और बाढ़ से प्रभावित अवसंरचना को बहाल करने में मदद करेगा। इस उद्घाटन में भारतीय राजदूत और नेपाल के मंत्री शामिल थे।

मुख्य बातें

नेपाल के लिए यह पुल महत्वपूर्ण अवसंरचना है।
भारत की सहायता से यह पुल बना है।
बाढ़ से प्रभावित सड़क अवसंरचना को बहाल करने में मदद करेगा।
इस पुल का निर्माण नेपाल के पेशेवरों को प्रशिक्षण देने के साथ हुआ।
यह पुल कोशी प्रांत के दोनों हिस्सों को जोड़ता है।

काठमांडू, 21 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव और नेपाल के भौतिक अवसंरचना एवं परिवहन मंत्री देवेंद्र दहल ने नेपाल के पंचथर जिले में हेवा खोला पर निर्मित 70 मीटर लंबे मॉड्यूलर पुल का उद्घाटन किया। यह पुल भारत की सहायता से बनाया गया है।

यह ब्रिज कोशी प्रांत के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों को जोड़ता है, जो नेपाल में अब तक का सबसे लंबा मॉड्यूलर ब्रिज है।

नेपाल में भारतीय दूतावास के एक बयान के अनुसार, भारत ने सितंबर 2024 की बाढ़ के बाद नेपाल को 10 पूर्वनिर्मित स्टील पुल प्रदान किए, जिनकी लागत 40 करोड़ नेपाली रुपए से अधिक है। यह सहायता बाढ़ से क्षतिग्रस्त महत्वपूर्ण सड़क अवसंरचना को बहाल करने और कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए दी गई थी।

भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, "भारत के राजदूत और नेपाल के भौतिक अवसंरचना मंत्री ने पंचथर जिले में हेवा खोला पर 70 मीटर लंबे मॉड्यूलर ब्रिज का उद्घाटन किया। यह नेपाल में अब तक का सबसे लंबा ऐसा ब्रिज है, जो कोशी प्रांत के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों को जोड़ता है। इस ब्रिज की स्थापना गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड की तकनीकी टीम ने की, जिसमें नेपाल के 35 पेशेवरों को मॉड्यूलर ब्रिज निर्माण का प्रशिक्षण भी मिला।"

बयान में आगे कहा गया, "भारत ने सितंबर 2024 में आई बाढ़ के बाद बाढ़ से क्षतिग्रस्त महत्वपूर्ण सड़क अवसंरचना को बहाल करने और कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए अनुदान के तहत नेपाल को 40 करोड़ नेपाली रुपए से अधिक की लागत से 10 पूर्वनिर्मित स्टील पुल प्रदान किए।"

इससे पहले, 18 अगस्त को विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने काठमांडू में नेपाली सेना मुख्यालय में आयोजित एक विशेष समारोह में नेपाली सेना के प्रमुख सुप्रबल जनसेवाश्री जनरल अशोक राज सिगदेल को हल्के हमले वाले वाहन, महत्वपूर्ण चिकित्सा उपकरण और सैन्य पशु सौंपे थे।

भारतीय दूतावास ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, "रक्षा सहयोग को मजबूत करते हुए विदेश सचिव विक्रम मिश्री ने नेपाली सेना प्रमुख को हल्के हमले वाले वाहन, महत्वपूर्ण चिकित्सा उपकरण और सैन्य पशु सौंपे। यह दोनों सेनाओं के बीच घनिष्ठ संबंधों और मजबूत रक्षा सहयोग को दर्शाता है। यह विश्वास और साझेदारी की भावना का प्रतीक है जो लंबे समय से हमारे स्थायी संबंधों की विशेषता रही है।"

विदेश सचिव मिस्री ने 17-18 अगस्त को नेपाल के विदेश सचिव अमृत बहादुर राय के निमंत्रण पर काठमांडू की दो दिवसीय यात्रा की थी। इस दौरान उन्होंने नेपाल के राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल, प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली, विदेश मंत्री अर्जु राणा देउबा और अन्य वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की और द्विपक्षीय हितों व रक्षा संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो कि विकास और सुरक्षा के लिए आवश्यक हैं। नेपाल की भौतिक अवसंरचना को सुदृढ़ करने के लिए भारत का यह कदम प्रशंसनीय है।
RashtraPress
8 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इस पुल की लंबाई कितनी है?
इस पुल की लंबाई 70 मीटर है।
यह पुल किसने बनाया है?
यह पुल भारत की सहायता से निर्मित किया गया है।
इस पुल का उद्घाटन कब हुआ?
इस पुल का उद्घाटन 21 अगस्त को हुआ।
यह पुल किसे जोड़ता है?
यह पुल कोशी प्रांत के उत्तरी और दक्षिणी हिस्सों को जोड़ता है।
भारत ने नेपाल को कितने पुल प्रदान किए?
भारत ने नेपाल को 10 पूर्वनिर्मित स्टील पुल प्रदान किए।
राष्ट्र प्रेस
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