पाकिस्तान का बलूचिस्तान में ड्रोन हमला, एक युवक की हत्या और कई महिलाएं घायल

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पाकिस्तान का बलूचिस्तान में ड्रोन हमला, एक युवक की हत्या और कई महिलाएं घायल

सारांश

एक और दुखद घटना में बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना के ड्रोन हमले ने एक युवक की जान ले ली और कई महिलाएं घायल हो गईं। जानिए इस हमले की पूरी कहानी और इसके पीछे के कारण।

Key Takeaways

  • ड्रोन हमले में एक युवक की मौत हुई।
  • कई महिलाएं घायल हुईं।
  • घटना मस्तंग जिले में हुई।
  • अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों ने चिंता जताई।
  • पाकिस्तानी सेना का बड़ा ऑपरेशन जारी है।

क्वेटा, 9 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बलूचिस्तान में एक पाकिस्तानी ड्रोन हमले के कारण एक युवक, अब्दुल समद, की मौत हो गई और कई महिलाएं गंभीर रूप से घायल हुईं। स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, यह घटना मस्तंग जिले के कुर्दगाप क्षेत्र में हुई।

रिपोर्ट्स के अनुसार, 'द बलूचिस्तान पोस्ट' ने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने एक घर पर ड्रोन हमला किया, जिसमें अब्दुल समद गंभीर रूप से घायल हुआ। घर में मौजूद महिलाएं भी इस हमले में घायल हुईं।

अब्दुल को अस्पताल ले जाते समय उसकी मृत्यु हो गई। घायल महिलाओं को स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद, क्वेटा के एक बड़े अस्पताल में बेहतर इलाज के लिए भेजा गया।

हाल के दिनों में, इस क्षेत्र में बलूच सशस्त्र समूहों के हमलों में पाकिस्तानी सेना और विशेष सेवा समूह के कई जवान मारे गए हैं, जिसके परिणामस्वरूप सेना ने एक बड़े पैमाने पर ऑपरेशन शुरू किया है, जो अभी भी जारी है।

यह पहली बार नहीं है जब बलूचिस्तान में आम नागरिकों को पाकिस्तानी सेना के ड्रोन हमलों में हताहत होना पड़ा है; ऐसी घटनाएं अक्सर देखने को मिलती हैं।

कई अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों, जिनमें पाकिस्तान मानवाधिकार आयोग भी शामिल है, ने इन हमलों में नागरिकों को निशाना बनाने पर चिंता जताई है। ये संगठन सरकार से बलूचिस्तान में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए तात्कालिक कदम उठाने की अपील कर रहे हैं।

पिछले हफ्ते, बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना द्वारा दागे गए मोर्टार में एक बलूच परिवार के तीन सदस्य मारे गए थे, जिनमें एक बच्चा भी था।

बलूच नेशनल मूवमेंट के मानवाधिकार विभाग 'पांक' ने बताया कि यह दुखद घटना 31 मार्च की शाम को अवारान जिले के बुंगुल बाजार में हुई थी।

संगठन ने दावा किया कि बलूच सशस्त्र समूहों के एक सैन्य शिविर पर हमले के बाद, पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने नागरिक आबादी के निकट मोर्टार दागे और कई भारी हथियारों का उपयोग किया।

इस गोलाबारी के दौरान, एक मोर्टार बुंगुल बाजार के आवासीय क्षेत्र में गिरा, जिससे एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौके पर ही मौत हो गई।

मोहम्मद उमर, फैजा, और उनकी बेटी महजैब इस घटना में मारे गए।

इस घटना की निंदा करते हुए, 'बलूच वॉयस फॉर जस्टिस' (बीवीजे) ने कहा, "यह घटना अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार कानून के संभावित उल्लंघन को उजागर करती है।"

Point of View

बल्कि यह सीमाओं को पार कर जाती हैं।
NationPress
11/04/2026

Frequently Asked Questions

क्या ड्रोन हमले में घायल महिलाएं ठीक हैं?
घायल महिलाओं को स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए क्वेटा भेजा गया है।
किस क्षेत्र में यह हमला हुआ?
यह हमला बलूचिस्तान के मस्तंग जिले के कुर्दगाप क्षेत्र में हुआ।
क्या यह पहली बार है जब आम नागरिकों को ऐसे हमलों का सामना करना पड़ा?
नहीं, यह पहली बार नहीं है जब बलूचिस्तान में ड्रोन हमलों में आम नागरिक हताहत हुए हैं।
अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों की प्रतिक्रिया क्या थी?
कई अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों ने इन हमलों में नागरिकों को निशाना बनाए जाने पर गहरी चिंता व्यक्त की है।
क्या पाकिस्तानी सेना ने पहले भी ऐसे हमले किए हैं?
हाँ, पाकिस्तानी सेना ने पहले भी बलूचिस्तान में ड्रोन हमले किए हैं, जिससे कई नागरिक प्रभावित हुए हैं।
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