क्या पाकिस्तान में मूसलाधार बारिश से मरने वालों की संख्या 788 हुई?

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क्या पाकिस्तान में मूसलाधार बारिश से मरने वालों की संख्या 788 हुई?

सारांश

पाकिस्तान में 26 जून से जारी बारिश ने संकट को बढ़ा दिया है। 788 लोगों की मौत और 1,000 से अधिक लोग घायल हुए हैं। जानें कौन से क्षेत्र सबसे प्रभावित हुए हैं और राहत कार्य कैसे चल रहे हैं।

Key Takeaways

  • 788 लोगों की जान गई है।
  • 1,000 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
  • खैबर पख्तूनख्वा में 469 मौतें हुईं।
  • राहत कार्य में 25,644 लोगों को बचाया गया है।
  • पाकिस्तान के विभिन्न क्षेत्रों में बाढ़ का प्रभाव देखा जा रहा है।

इस्लामाबाद, 25 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। पाकिस्तान में 26 जून से जारी लगातार मानसूनी बारिश के कारण कम से कम 788 लोगों की जान चली गई है, जबकि 1,000 से अधिक लोग घायल हुए हैं। स्थानीय मीडिया ने सोमवार को यह जानकारी दी।

पाकिस्तान के प्रमुख दैनिक डॉन ने बताया कि आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, मरने वालों में 200 बच्चे, 117 महिलाएं और 471 पुरुष शामिल हैं।

पंजाब में 165 मौतें दर्ज की गईं, खैबर पख्तूनख्वा में सबसे अधिक 469 मौतें हुईं, इसके बाद सिंध में 51, बलूचिस्तान में 24, पाकिस्तान के कब्जे वाले गिलगित-बाल्टिस्तान में 45, पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में 23 और इस्लामाबाद में 8 मौतें हुईं।

एनडीएमए के आंकड़ों के अनुसार घायलों में 279 बच्चे, 493 पुरुष और 246 महिलाएं शामिल हैं। पंजाब में सबसे अधिक 584 लोग घायल हुए, जबकि खैबर पख्तूनख्वा में 285, सिंध में 71, पाकिस्तान के कब्जे वाले गिलगित-बाल्टिस्तान में 42, पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में 28, बलूचिस्तान में 5 और इस्लामाबाद में 3 लोग घायल हुए।

प्राधिकरण ने बताया कि समन्वित आपदा प्रतिक्रिया के तहत देश भर में 512 अभियानों में कुल 25,644 लोगों को बचाया गया है।

सप्ताह के अंत में हुई ताजा घटनाओं ने संकट को और बढ़ा दिया है। खैबर पख्तूनख्वा में कई जिलों में हुई मूसलाधार बारिश के बाद कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई और 52 अन्य घायल हो गए।

सिर्फ डेरा इस्माइल खान में ही तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण 7 लोगों की जान चली गई। बचाव अधिकारियों ने जियो न्यूज को बताया कि मूसलाधार बारिश के कारण पेड़ उखड़ गए, बिजली के तार टूट गए और कई इलाके अंधेरे में डूब गए। कई इलाकों में छत गिरने से कई लोगों की जान चली गई और दर्जनों लोग घायल हो गए।

देश भर के शहरी केंद्र भी बाढ़ के प्रभाव से जूझ रहे हैं। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, लाहौर में गुलबर्ग, लक्ष्मी चौक, जेल रोड और आसपास के इलाकों की सड़कें जलमग्न हो गईं और बाढ़ का पानी घरों और दुकानों में घुस गया।

पाकिस्तान के एक प्रमुख दैनिक समाचार रिपोर्ट के अनुसार, इस्लामाबाद और रावलपिंडी में भारा काहू में नदियां उफान पर थीं, जिससे वाहन फंस गए। वहीं, गुजरांवाला, गुजरात, झेलम और चिनियट में भारी बारिश के कारण बिजली के खंभे गिर गए और फीडर ट्रिप हो गए, जिससे बिजली आपूर्ति ठप हो गई।

Point of View

हम इस त्रासदी के प्रति गहरी संवेदना रखते हैं। हमें यह समझना चाहिए कि प्राकृतिक आपदाएं हमारे लिए एक सीख हैं, और हमें एकजुट होकर प्रभावित लोगों की मदद करनी चाहिए।
NationPress
30/08/2025

Frequently Asked Questions

पाकिस्तान में बारिश के कारण कितनी मौतें हुई हैं?
पाकिस्तान में बारिश के कारण कम से कम 788 लोगों की मौत हुई है।
घायलों की संख्या कितनी है?
घायलों की संख्या 1,000 से अधिक है।
सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्र कौन से हैं?
खैबर पख्तूनख्वा सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्र है, जहां 469 मौतें हुई हैं।
पाकिस्तान में राहत कार्य कैसे चल रहे हैं?
राहत कार्य के तहत 512 अभियानों में कुल 25,644 लोगों को बचाया गया है।
क्या अधिक बारिश की संभावना है?
स्थानीय मौसम पूर्वानुमान के अनुसार, बारिश की संभावना बनी हुई है।