अमेरिका का $1.5 ट्रिलियन सैन्य निवेश का लक्ष्य: रक्षा मंत्री हेगसेथ ने खोले पेंटागन के नए मोर्चे
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने 21 अक्टूबर 2026 को ओहियो और विस्कॉन्सिन के औद्योगिक दौरे के दौरान घोषणा की कि ट्रंप प्रशासन अमेरिकी सेना में $1.5 ट्रिलियन का निवेश करना चाहता है। इस निवेश का उद्देश्य हथियारों के उत्पादन में तेज़ी लाना, स्वायत्त युद्ध क्षमताओं का विस्तार करना और विदेशी रक्षा आपूर्ति शृंखलाओं पर अमेरिका की निर्भरता को घटाना है।
प्रस्तावित निवेश के मुख्य बिंदु
डेटन, ओहियो में सिएरा नेवादा कॉर्पोरेशन के कर्मचारियों को संबोधित करते हुए हेगसेथ ने कहा, 'हम $1.5 ट्रिलियन के निवेश की माँग कर रहे हैं। यह एक ऐसा निवेश होगा जो आने वाली पीढ़ियों के काम आएगा और इससे यह सुनिश्चित होगा कि हम दुनिया की सबसे मज़बूत और शक्तिशाली सेना बने रहें।' साथ ही उन्होंने कांग्रेस से एक ऐसे पैकेज को मंज़ूरी देने का आग्रह किया जो रक्षा प्राथमिकताओं के लिए कम से कम $350 अरब की राशि उपलब्ध कराए।
हेगसेथ ने तर्क दिया कि पेंटागन अब उन अधिग्रहण कार्यक्रमों को बर्दाश्त नहीं कर सकता जिनमें हथियार और सैन्य उपकरण मिलने में एक दशक या उससे अधिक का समय लग जाता है। उनके अनुसार, महत्वपूर्ण क्षमताएँ कुछ महीनों या कुछ वर्षों के भीतर उपलब्ध होनी चाहिए।
स्वायत्त युद्ध और नई तकनीक की ओर रुख
हेगसेथ ने कहा कि भविष्य के संघर्ष अंतरिक्ष, पानी के नीचे के वातावरण, साइबरस्पेस और स्वायत्त प्रणालियों में काम करने की क्षमता पर निर्भर करेंगे। उन्होंने 'प्रोजेक्ट मेरिडियन' का उल्लेख किया — एक हालिया पहल जिसका उद्देश्य सैन्य प्लेटफॉर्मों के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाना और नई तकनीकों को तेज़ी से शामिल करना है।
विभाग एक 'ऑटोनॉमस वारफेयर कमांड' भी विकसित कर रहा है — एक चार-स्टार कमांड जो संयुक्त रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मानवरहित सैन्य प्रणालियों (अनमैन्ड मिलिट्री सिस्टम) की देखरेख करेगी। रक्षा मंत्री ने यह भी कहा, 'जो कोई भी समुद्र के नीचे और चंद्रमा के आसपास के अंतरिक्ष (सिसलूनर) क्षेत्र को नियंत्रित करेगा, वही अगली लड़ाई में अपना दबदबा बनाए रखेगा।'
उन्होंने 'नेक्स्ट-जेनरेशन सर्वाइवेबल एयरबोर्न ऑपरेशंस सेंटर' पर जारी कार्य का भी ज़िक्र किया — एक विशेष सैन्य विमान जिसे परमाणु संकट सहित राष्ट्रीय आपातकाल के दौरान राष्ट्रपति के कमांड और कंट्रोल को सुरक्षित रखने के लिए डिज़ाइन किया जा रहा है। इसके अलावा 'ब्रॉलर' और 'मॉलर' एयर-डिफेंस सिस्टम का उल्लेख करते हुए बताया कि अमेरिकी कमांडर इन्हें दो अलग-अलग युद्ध क्षेत्रों में 'असममित हमलों' से सुरक्षा के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं।
छोटे निर्माताओं को बड़ा मौका
पेंटागन अब केवल स्थापित बड़े रक्षा ठेकेदारों पर निर्भर रहने के बजाय छोटे निर्माताओं और नई तकनीक वाली कंपनियों के लिए भी खरीद के अवसर खोलना चाहता है। इस नई योजना के तहत नई फैक्ट्रियों, उपकरणों और कर्मचारियों में निवेश करने वाली कंपनियों को 5 से 7 वर्षों के उत्पादन अनुबंध मिल सकते हैं।
'स्मॉल बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन' की प्रशासक केली लोफ्लर ने बताया कि पेंटागन के साथ एक संयुक्त पहल के तहत महत्वपूर्ण खनिजों और औद्योगिक कच्चे माल से जुड़े लगभग $17.5 करोड़ के संभावित सौदे होने की उम्मीद है। गौरतलब है कि अमेरिका का रक्षा बजट दुनिया में सबसे बड़ा है और उसके रक्षा औद्योगिक आधार में बड़े ठेकेदारों के साथ-साथ हज़ारों छोटी कंपनियाँ भी शामिल हैं।
वित्तीय जवाबदेही का वादा
हेगसेथ ने वादा किया कि 2028 में मौजूदा प्रशासन का कार्यकाल खत्म होने से पहले पेंटागन अपना पूरा वित्तीय ऑडिट पूरा कर लेगा। उन्होंने स्वीकार किया कि विभाग पहले कई बार कांग्रेस की ऑडिट संबंधी ज़रूरतों को पूरा करने में विफल रहा है।
मध्य पूर्व से रणनीतिक जुड़ाव
हेगसेथ ने इस औद्योगिक आधुनिकीकरण कार्यक्रम को प्रशासन की व्यापक सैन्य रणनीति से जोड़ा, जिसमें मध्य पूर्व में चलाए जा रहे अभियान शामिल हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में उन्होंने अमेरिकी सेंट्रल कमांड के उन कर्मियों से मुलाकात की जो ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के प्रयासों में लगे हैं। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक सैन्य प्रतिस्पर्धा तेज़ हो रही है और अमेरिका अपनी रक्षा आपूर्ति शृंखला को घरेलू स्तर पर मज़बूत करने पर ज़ोर दे रहा है।