ट्रंप का दावा: अमेरिका में $19.2 ट्रिलियन का रिकॉर्ड निवेश, इतिहास की सबसे मज़बूत आर्थिक तरक्की
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 8 जुलाई को अंकारा में नाटो शिखर सम्मेलन के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि अमेरिका इस समय अपने इतिहास की सबसे मज़बूत आर्थिक बढ़त के दौर से गुज़र रहा है। उन्होंने कहा कि रिकॉर्ड निवेश, मैन्युफैक्चरिंग में तेज़ी और बड़े पैमाने पर नए रोज़गार उनकी सरकार की नीतियों का प्रत्यक्ष परिणाम हैं।
रिकॉर्ड निवेश का दावा
ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका में अब तक का सबसे बड़ा निवेश हुआ है — $19.2 ट्रिलियन — जो उनके अनुसार पहले के मुकाबले छह गुना अधिक है। उन्होंने कहा कि इतिहास में न अमेरिका में और न ही किसी अन्य देश में इतना बड़ा निवेश कभी हुआ है। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक व्यापार तनाव और टैरिफ विवादों के बीच अमेरिकी आर्थिक नीतियाँ अंतरराष्ट्रीय बहस का केंद्र बनी हुई हैं।
ट्रंप के मुताबिक यह निवेश कई अहम उद्योगों में हो रहा है, जिनमें ऑटोमोबाइल, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इंफ्रास्ट्रक्चर और रक्षा उत्पादन प्रमुख हैं। उन्होंने कहा कि कंपनियाँ पूरे देश में नई फैक्ट्रियाँ और उत्पादन इकाइयाँ स्थापित करने के लिए आगे आ रही हैं।
AI और ऊर्जा क्षेत्र में विस्तार
ट्रंप ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़े बुनियादी ढाँचे के तेज़ विस्तार का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि AI कंपनियों को अपने खुद के बिजली संयंत्र बनाने की अनुमति दी गई है, क्योंकि इस उद्योग की ऊर्जा ज़रूरतें इतनी अधिक हैं कि वे अकेले ही अमेरिका की वर्तमान कुल बिजली उत्पादन के बराबर हो सकती हैं। ट्रंप ने दावा किया कि AI के क्षेत्र में अमेरिका अभी भी चीन से आगे है।
रक्षा उद्योग और नाटो की भूमिका
ट्रंप ने कहा कि नाटो के सदस्य देशों द्वारा रक्षा उपकरणों की खरीद बढ़ाने से अमेरिकी रक्षा उद्योग को बड़ा प्रोत्साहन मिल रहा है। उन्होंने कहा, 'हम दुनिया का सबसे बेहतरीन रक्षा उपकरण बनाते हैं — हर कोई अमेरिकी उपकरण चाहता है क्योंकि वे बेहतर काम करते हैं।' बढ़ती माँग को पूरा करने के लिए बड़ी रक्षा कंपनियाँ नई उत्पादन इकाइयाँ स्थापित कर रही हैं।
गौरतलब है कि नाटो शिखर सम्मेलन में रक्षा खर्च बढ़ाने का दबाव लंबे समय से अमेरिकी विदेश नीति का अहम हिस्सा रहा है, और ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में यह माँग और तेज़ हुई है।
वैश्विक मंच पर अमेरिका की वापसी का दावा
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने अपनी आर्थिक रफ्तार और वैश्विक पहचान फिर से हासिल कर ली है। उनके शब्दों में, 'अमेरिका वापस आ गया है — पहले से ज़्यादा मज़बूत, बड़ा और बेहतर।' उन्होंने यह भी कहा कि दुनिया अब अमेरिका का सम्मान करती है, 'शायद पहले कभी इतना नहीं किया।' आलोचकों का कहना है कि इन दावों को स्वतंत्र आर्थिक आँकड़ों से सत्यापित किया जाना अभी बाकी है।
ट्रंप ने कहा कि 'हम वे काम कर रहे हैं जो 47 साल पहले हो जाने चाहिए थे।' यह टिप्पणी दशकों की अमेरिकी औद्योगिक नीति पर उनकी व्यापक आलोचना का हिस्सा है। आने वाले महीनों में इन दावों की परख वास्तविक रोज़गार और उत्पादन के आँकड़ों से होगी।