क्या यमन के तट पर प्रवासियों की नाव डूबने से 20 से अधिक लोगों की जान गई?

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क्या यमन के तट पर प्रवासियों की नाव डूबने से 20 से अधिक लोगों की जान गई?

सारांश

यमन के तट पर एक नाव डूबने से कई प्रवासियों की जान गई है। यह एक गंभीर मानवीय संकट है, जिसे रोकने के लिए तुरंत कदम उठाने की आवश्यकता है। जानें इस घटना के पीछे की वजह और इसके प्रभावों के बारे में।

मुख्य बातें

20 से अधिक प्रवासी यमन के तट पर नाव डूबने से मारे गए।
12 प्रवासी बचाए गए और अस्पताल में भर्ती कराए गए।
यमन में मानवीय संकट की स्थिति गंभीर है।
सुरक्षा अधिकारियों ने बचाव अभियान जारी रखा है।
अंतरराष्ट्रीय संगठनों से मदद की अपील की गई है।

अदन, 3 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। यमन के दक्षिणी प्रांत अबयान के तट पर लगभग 150 अफ्रीकी प्रवासियों को ले जा रही एक नाव के डूबने से 20 से अधिक प्रवासियों की मौत हो गई। इस घटना में कई लोग लापता हैं। यमन के सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी।

एक अज्ञात स्थानीय अधिकारी ने सिन्हुआ को बताया कि शनिवार देर रात स्थानीय समयानुसार रात लगभग 11 बजे तेज हवाओं के कारण नाव पलट गई।

सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार एक अधिकारी ने बताया, "क्षेत्रीय टीमों ने रविवार सुबह शकरा और जिंजीबार शहरों के तटों से 20 से अधिक शव बरामद किए, जबकि 12 जीवित बचे लोगों को बचाकर इलाज के लिए शकरा जनरल अस्पताल भेजा गया। वहीं हादसे में कई सारे लोग लापता हैं।"

अबयान में सुरक्षा अधिकारियों ने कहा कि वे डूबे हुए प्रवासियों के शवों को निकालने के लिए बड़े पैमाने पर मानवीय अभियान जारी रखे हुए हैं।

अबयान सुरक्षा निदेशालय के एक बयान में कहा गया है कि अबयान के सुरक्षा अधिकारी डूबे हुए प्रवासियों के शवों को निकालने के लिए बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चला रहे हैं।

बयान के अनुसार, सीमित संसाधनों के बावजूद, अधिकारियों ने गहन बचाव और मानवीय प्रयासों के तहत शवों को जिंजीबार के अस्पतालों में पहुंचाना शुरू कर दिया है। कई शव तट के अलग-अलग हिस्सों में मिले, जिससे यह चिंता बढ़ गई है कि समुद्र में और भी लोग लापता हो सकते हैं।

अबयान के सुरक्षा अधिकारियों ने सभी स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय संगठनों से तुरंत मदद करने और यमन के समुद्री क्षेत्र से होने वाले अवैध प्रवासन को रोकने के लिए कदम उठाने की अपील की है।

उल्लेखनीय है कि अफ्रीकी प्रवासियों का यमन में आना लगातार जारी है। यमन पहले से ही दस साल से चल रहे संघर्ष और संयुक्त राष्ट्र द्वारा बताए गए दुनिया के सबसे खराब मानवता संकटों में से एक से जूझ रहा है। ऐसे में यहां पहुंचने के बाद इन प्रवासियों को बेहद मुश्किल हालात का सामना करना पड़ता है। संयुक्त राष्ट्र ने इसे दुनिया के सबसे बुरे मानवीय संकटों में से एक बताया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।
RashtraPress
14 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

यमन के तट पर नाव डूबने की घटना कब हुई?
यह घटना 3 अगस्त को हुई, जब लगभग 150 प्रवासियों को ले जा रही एक नाव डूब गई।
इस नाव में कितने प्रवासी थे?
इस नाव में लगभग 150 प्रवासी थे।
क्या इस हादसे में कोई जीवित बचे?
हां, 12 लोगों को बचाया गया और उन्हें इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।
प्रवासी यमन क्यों आते हैं?
अफ्रीकी प्रवासी यमन में बेहतर जीवन की खोज में आते हैं, लेकिन उन्हें कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
यमन में मानवता संकट की स्थिति क्या है?
यमन एक गंभीर मानवीय संकट का सामना कर रहा है, जो पिछले दस वर्षों के संघर्ष का परिणाम है।
राष्ट्र प्रेस
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