अदाणी मुंद्रा एयरपोर्ट से 8 शहरों को जोड़ा, स्टार एयर की उड़ानें शुरू; कच्छ को मिला पहला नियमित हवाई संपर्क
सारांश
मुख्य बातें
अदाणी मुंद्रा एयरपोर्ट ने मंगलवार, 23 जून 2026 को अपनी पहली नियमित यात्री उड़ान सेवा शुरू की, जिसके तहत स्टार एयर के साथ रणनीतिक साझेदारी में कच्छ (गुजरात) को 8 प्रमुख शहरों से जोड़ा गया है। इस ऐतिहासिक शुरुआत के साथ मुंद्रा अब देश के सबसे बड़े निजी बंदरगाह के साथ-साथ एक सक्रिय हवाई गंतव्य भी बन गया है।
किन शहरों से जुड़ा मुंद्रा
स्टार एयर की आठ नई उड़ान सेवाएं मुंद्रा को मुंबई, गोवा, हिंडन, सूरत, बेलगावी, बेंगलुरु, कोल्हापुर और नांदेड़ से सीधे जोड़ती हैं। ये सभी उड़ानें एयरपोर्ट के अत्याधुनिक नए टर्मिनल से संचालित होंगी, जिससे व्यापार, उद्योग, लॉजिस्टिक्स और पर्यटन के लिए यात्रा का समय उल्लेखनीय रूप से घटेगा।
यह ऐसे समय में आया है जब कच्छ क्षेत्र में औद्योगिक और बंदरगाह गतिविधियाँ तेज़ी से बढ़ रही हैं और क्षेत्र के व्यापारी तथा उद्यमी तेज़ हवाई संपर्क की माँग लंबे समय से कर रहे थे।
एयरपोर्ट की अवसंरचना
मुंद्रा एयरपोर्ट में 1,900 मीटर लंबा रनवे तैयार किया गया है, जो यात्री और कार्गो दोनों प्रकार के विमानों के संचालन में सक्षम है। आधुनिक टर्मिनल में विशाल पार्किंग क्षेत्र, कई चेक-इन काउंटर, आरामदायक लाउंज और फुल-सर्विस फूड कोर्ट की सुविधाएँ उपलब्ध हैं। एयरपोर्ट को दिव्यांगजन अनुकूल भी बनाया गया है, जिसमें व्हीलचेयर सुविधा और विशेष ड्रॉप-ऑफ जोन शामिल हैं।
आर्थिक महत्व और मुंद्रा पोर्ट से तालमेल
यह हवाई संपर्क भारत के सबसे बड़े निजी बंदरगाह मुंद्रा पोर्ट और देश के सबसे बड़े अधिसूचित बहु-उत्पाद मुंद्रा एसईजेड की आर्थिक गतिविधियों को और मज़बूती देगा। कंपनी के अनुसार, यह नई कनेक्टिविटी व्यापारिक माल की आवाजाही को अधिक तेज़ और प्रभावी बनाएगी तथा राष्ट्रीय और वैश्विक आपूर्ति शृंखलाओं के साथ बेहतर तालमेल स्थापित करने में मदद करेगी।
गौरतलब है कि अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड (AAHL) पहले से ही देश के 8 प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों — नवी मुंबई, मुंबई, अहमदाबाद, जयपुर, लखनऊ, तिरुवनंतपुरम, मंगलुरु और गुवाहाटी — का संचालन करती है। मुंद्रा एयरपोर्ट इस नेटवर्क में एक नया और रणनीतिक आयाम जोड़ता है।
उद्घाटन और अदाणी ग्रुप की भूमिका
इस एयरपोर्ट का उद्घाटन AAHL के निदेशक जीत अदाणी ने किया। अदाणी ग्रुप का मानना है कि इस एयरपोर्ट के ज़रिए वह अपने बंदरगाह और विमानन कारोबार के बीच मज़बूत तालमेल स्थापित कर सकेगा, जिससे कच्छ एक पूर्ण रूप से एकीकृत मल्टी-मॉडल लॉजिस्टिक्स और बिजनेस हब के रूप में उभरेगा।
आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि यह हवाई कनेक्टिविटी कच्छ के स्थानीय रोज़गार और पर्यटन पर किस हद तक प्रत्यक्ष प्रभाव डालती है।