अदाणी पावर ने तमिलनाडु में 558 मेगावाट बिजली आपूर्ति का ठेका हासिल किया
सारांश
Key Takeaways
- अदाणी पावर ने 558 मेगावाट बिजली आपूर्ति का ठेका हासिल किया।
- बिजली आपूर्ति 1 अप्रैल 2026 से शुरू होगी।
- कंपनी का कुल उत्पादन क्षमता 18.15 गीगावाट है।
- बिजली आपूर्ति समझौते से उपभोक्ताओं को सस्ती और भरोसेमंद ऊर्जा मिलेगी।
- अदाणी पावर की थर्मल पावर क्षमता 18,110 मेगावाट है।
अहमदाबाद, २४ फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारत की सबसे बड़ी निजी ऊर्जा उत्पादक कंपनी अदाणी पावर ने मंगलवार को घोषणा की कि उसकी सहायक कंपनी मोक्सी पावर जनरेशन लिमिटेड (एमपीजीएल) को तमिलनाडु पावर डिस्ट्रीब्यूशन कॉरपोरेशन (टीएनपीडीसीएल) से ५५८ मेगावाट (नेट) बिजली की आपूर्ति के लिए पांच वर्ष का लेटर ऑफ अवॉर्ड (एलओए) प्राप्त हुआ है।
यह बिजली आपूर्ति समझौता तमिलनाडु के उपभोक्ताओं को ५५८ मेगावाट भरोसेमंद और उच्च गुणवत्ता वाली बिजली प्रदान करेगा। इससे ग्रिड की स्थिरता में वृद्धि होगी और घरों, व्यवसायों तथा उद्योगों को निर्बाध बिजली मिलेगी।
मोक्सी पावर के पास तमिलनाडु के तूतीकोरिन में १,२०० मेगावाट (२x६०० मेगावाट) क्षमता का बिजली संयंत्र संचालित है।
कंपनी ने कड़ी प्रतिस्पर्धा में ५.९१० रुपए प्रति यूनिट की दर से सबसे कम बोली देकर यह ठेका हासिल किया है। बिजली की आपूर्ति १ अप्रैल २०२६ से शुरू होगी। अदाणी पावर के पास १८.१५ गीगावाट उत्पादन क्षमता है, जो इसे भारत की सबसे बड़ी निजी बिजली उत्पादक कंपनी बनाती है।
अब संयंत्र की दोनों इकाइयों के पास बिजली आपूर्ति समझौते (पीपीए) हैं, और अदाणी पावर की कुल परिचालन क्षमता का ९५ प्रतिशत से अधिक हिस्सा दीर्घकालिक अनुबंधों के तहत सुरक्षित है।
कंपनी के एक बयान में कहा गया है, "इससे दीर्घकालिक राजस्व की स्पष्टता मिलती है और कंपनी अल्पकालिक बाजार उतार-चढ़ाव के जोखिम से भी मुक्त होती है। आने वाले वर्षों में, कंपनी अपने सभी चालू और निर्माणाधीन संयंत्रों के लिए लगभग १०० प्रतिशत पीपीए सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखती है।"
प्रतिस्पर्धी दर पर बिजली की उपलब्धता से उपभोक्ताओं को भविष्य में सस्ती और भरोसेमंद ऊर्जा मिलने की उम्मीद है।
अदाणी पावर के पास १८,११० मेगावाट की स्थापित थर्मल पावर क्षमता है, जो गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, राजस्थान, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, झारखंड और तमिलनाडु में स्थित १२ बिजली संयंत्रों में फैली हुई है। इसके अतिरिक्त, गुजरात में ४० मेगावाट का सौर ऊर्जा संयंत्र भी है।
अदाणी पावर ने वित्त वर्ष २०२५-२६ की तीसरी तिमाही में अपने निरंतर कर-पूर्व लाभ (पीबीटी) में ५.३ प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। इस तिमाही का पीबीटी २,८०० करोड़ रुपए रहा, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह २,६५९ करोड़ रुपए था। यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से कम वित्तीय लागत और स्थिर परिचालन प्रदर्शन के कारण हुई है।