तमिलनाडु में 4 मई से 'अग्नि नचतिरम' का आगाज़, 43°C तक पहुँचेगा पारा; 28 मई तक राहत नहीं
सारांश
Key Takeaways
तमिलनाडु में 4 मई से भीषण गर्मी का चरम दौर शुरू हो रहा है, जिसे परंपरागत रूप से 'अग्नि नचतिरम' या 'कथिरी वेयिल' कहा जाता है। मौसम विभाग के अनुसार यह दौर 28 मई तक जारी रहने की संभावना है और राज्य के आंतरिक जिलों में अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच सकता है। अधिकारियों ने जनता को एहतियाती उपाय अपनाने की सलाह जारी की है।
क्या है 'अग्नि नचतिरम'
तमिल परंपरा में 'अग्नि नचतिरम' को वर्ष का सबसे गर्म काल माना जाता है। इस अवधि में शुष्क वातावरण, तीव्र सौर विकिरण और लगभग बादल-रहित आसमान रहता है, जिससे दिन का तापमान रिकॉर्ड स्तर तक पहुँच जाता है। यह चरण आमतौर पर मानसून-पूर्व बारिश शुरू होने से ठीक पहले का होता है।
कहाँ-कहाँ पड़ेगी सबसे अधिक गर्मी
वेल्लोर, तिरुचिरापल्ली, करूर, इरोड और मदुरै जैसे आंतरिक जिलों में भीषण लू की आशंका सबसे अधिक है, जहाँ दिन का तापमान सामान्य से कहीं ऊपर रहेगा और बादलों की छाया नगण्य होगी। राज्य के कई हिस्सों में पहले से ही तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जो तमिलनाडु मार्च से ही झेल रहा है।
दूसरी ओर, चेन्नई सहित तटीय क्षेत्रों में तापमान अपेक्षाकृत कम रह सकता है, लेकिन उच्च आर्द्रता के चलते मौसम उमस भरा और असहज बना रहेगा। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य पहले से ही लंबे समय की गर्मी की मार झेल रहा है और निकट भविष्य में किसी बड़ी राहत की संभावना नहीं दिखती।
मौसम विभाग की चेतावनी
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य भर में तापमान में तीव्र वृद्धि की चेतावनी दी है। विभाग के अनुसार साफ आसमान और तीव्र सौर ताप इस चरण की मुख्य विशेषताएँ हैं। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, 28 मई के बाद मानसून-पूर्व गतिविधियाँ कुछ राहत दे सकती हैं, लेकिन तब तक स्थिति कठिन बनी रहेगी।
सरकार की सलाह और एहतियाती उपाय
अधिकारियों ने आम जनता को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच घर से बाहर न निकलने और हल्के व ढीले-ढाले कपड़े पहनने की सलाह दी है। गर्मी से होने वाली बीमारियों के प्रति अधिक संवेदनशील बच्चों, बुजुर्गों और पहले से किसी बीमारी से ग्रसित लोगों के लिए विशेष सतर्कता बरतने की अपील की गई है।
गर्मी का यह चरम चरण तीन सप्ताह से अधिक समय तक चलने की संभावना है, इसलिए निवासियों से अपनी दिनचर्या की योजना सावधानी से बनाने का आग्रह किया गया है।
आगे क्या
मौसम विभाग के अनुसार महीने के अंत तक मानसून-पूर्व बारिश की संभावना है, जो कुछ राहत प्रदान कर सकती है। तब तक राज्य के निवासियों को सतर्क रहने और अत्यधिक गर्मी के संपर्क को कम करने की सलाह दी गई है।