आंध्र प्रदेश में ऑनर किलिंग मामले में पुलिस अधिकारी का निलंबन
सारांश
Key Takeaways
- ऑनर किलिंग एक गंभीर सामाजिक मुद्दा है।
- पुलिस अधिकारी की संलिप्तता ने सुरक्षा तंत्र पर सवाल उठाए।
- मामले में जांच जारी है।
- पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने हत्या की पुष्टि की।
- सरकार ने ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
अमरावती, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। आंध्र प्रदेश के पालनाडु जिले में एक पुलिस अधिकारी को ऑनर किलिंग के मामले में कथित संलिप्तता के आरोप में निलंबित किया गया है।
जिले के पुलिस अधीक्षक कृष्णा राव ने रविवार को सर्किल इंस्पेक्टर टी वेंकटरमण को निलंबित किया। उन पर आरोप है कि उन्होंने एक 22 वर्षीय महिला के माता-पिता से पैसे लेकर उसे उनके हवाले कर दिया, जबकि उसने अपने प्रेम विवाह के लिए अपनी मर्जी से निर्णय लिया था। बताया जा रहा है कि इसी पुलिस अधिकारी की कार्रवाई के बाद महिला की हत्या हुई।
माचेरला शहर में, कथित तौर पर चौदेश्वरी नामक एक महिला की उसके पिता ने गला घोंटकर हत्या कर दी। यह घटना 18 मार्च 2026 को हुई थी। प्रारंभ में इस मामले को आत्महत्या माना गया था, लेकिन 4 अप्रैल
चौदेश्वरी को जम्मलमडाका के निवासी नागराजू से प्यार हो गया था। उसके परिवार ने इस रिश्ते का विरोध किया, क्योंकि उन्होंने उसकी शादी किसी अन्य व्यक्ति से तय कर दी थी। परिवार के इस निर्णय के बाद, 4 मार्च को वह अपने घर से भाग गई और नागराजू से शादी कर ली।
चौदेश्वरी के पिता चंद्र श्रीनू ने माचेरला पुलिस में अपनी बेटी की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई। उनके परिवार ने पुलिस थाने के सामने प्रदर्शन भी किया था, जिसमें उन्होंने लापता महिला के मामले में पुलिस की निष्क्रियता पर सवाल उठाए थे।
इसके बाद, नवविवाहित जोड़े को पुलिस ने बुलाया और पूछताछ के दौरान चौदेश्वरी ने पुलिस को बताया कि वह बालिग है और उसकी शादी उसकी सहमति से हुई है। जब समुदाय के बड़े लोगों ने उसे समझाने की कोशिश की, तो उसने कहा कि वह अपने पति के साथ रहना चाहती है। हालांकि, बाद में बताया गया कि पुलिस ने महिला को उसके माता-पिता के पास भेज दिया।
इसके बाद, 18 मार्च को चंद्र श्रीनू ने एक अन्य व्यक्ति के साथ मिलकर, कथित तौर पर अपनी सोती हुई बेटी का गला घोंटकर हत्या कर दी। उसके बाद उन्होंने इसे आत्महत्या का मामला दिखाने की कोशिश की।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद, पुलिस ने चंद्र श्रीनू को हिरासत में ले लिया और मामले की जांच शुरू कर दी।