क्या राहुल गांधी की विदेश यात्रा राजनीतिक मुद्दा बन सकती है? अशोक चौधरी का रिएक्शन
सारांश
Key Takeaways
- अशोक चौधरी ने गिरधारी लाल के बयान को आपत्तिजनक बताया।
- राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर राजनीतिक प्रतिक्रिया आवश्यक नहीं है।
- बंगाल चुनावों में टीएमसी और कांग्रेस के बीच तालमेल का अभाव है।
पटना, 3 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी ने उत्तराखंड सरकार में मंत्री रेखा आर्य के पति गिरधारी लाल द्वारा बिहार के बारे में दिए गए विवादास्पद बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने इसे गलत, घटिया और अत्यंत आपत्तिजनक कहा। इसके साथ ही, उन्होंने राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर भी अपनी राय व्यक्त की।
पटना में राष्ट्र प्रेस के साथ बातचीत में अशोक चौधरी ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में ऐसी टिप्पणियां अस्वीकार्य हैं, विशेषकर तब जब उनके जीवनसाथी किसी सम्मानित पद पर हों। गिरधारी लाल के विवादास्पद बयान से बिहार के लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने कहा कि गिरधारी लाल ने सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी है। ऐसे बयानों से बचना चाहिए और भविष्य में ऐसी गलतियां नहीं करनी चाहिए।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी नए वर्ष के अवसर पर विदेश यात्रा पर गए हैं। इसे लेकर सत्तारूढ़ दल ने विपक्ष के नेता पर हमलावर रुख अपनाया है। भाजपा नेताओं ने राहुल गांधी को पर्यटन का नेता बताया है। इस पर अशोक चौधरी ने पूछा कि अगर कोई यात्रा पर जाता है तो यह राजनीतिक मुद्दा कैसे बन सकता है? हमें इस पर प्रतिक्रिया क्यों देनी चाहिए? हजारों लोग छुट्टी पर हैं और राहुल गांधी भी छुट्टी पर गए हैं।
कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी को कांग्रेस की बागडोर सौंपने के सवाल पर अशोक चौधरी ने कहा कि यह कैसे तय किया जा सकता है? हम जदयू में हैं। कांग्रेस के लोग ही इसका जवाब देंगे।
बंगाल चुनाव को लेकर टीएमसी और कांग्रेस के अलग-अलग सुर पर उन्होंने कहा कि दोनों में तालमेल नहीं है। इंडी अलायंस केवल स्वार्थ के लिए बना है। चुनावों के दौरान ये एक-दूसरे के खिलाफ होते हैं।
बंगाल में इस साल विधानसभा चुनाव होने हैं और चुनाव से पहले चुनाव आयोग द्वारा वोटर सूची के शुद्धिकरण के लिए एसआईआर कराया जा रहा है, लेकिन विपक्ष लगातार इसका विरोध कर रहा है।