असम चुनाव: हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस पर नकली दस्तावेज जारी करने का गंभीर आरोप लगाया
सारांश
Key Takeaways
- हिमंता बिस्वा सरमा का कांग्रेस पर गंभीर आरोप
- कांग्रेस के नेता
नकली दस्तावेज जारी कर रहे हैं - असम विधानसभा चुनाव २०२६ का राजनीतिक माहौल गरमाया
- सरमा ने असम की जनता से अपील की
- कांग्रेस की प्रतिक्रिया का इंतजार
गुवाहाटी, ८ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि कांग्रेस के नेता इस हद तक हताश हो चुके हैं कि वे अपने ही सहयोगियों को जेल की ओर धकेलने का प्रयास कर रहे हैं।
सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में लिखा, "कांग्रेस के नेता अब इतने हताश हो गए हैं कि वे अपने ही कार्यों के कारण पवन खेड़ा को जेल की ओर बढ़ा रहे हैं। एक बार फिर, उन्होंने पूरी तरह से नकली दस्तावेज का एक और सेट जारी किया है, जिसे हमारी टीम पहले ही उजागर कर चुकी है। यह अब राजनीति नहीं रही; यह एक बड़ा धोखा है।"
मुख्यमंत्री ने आगे कहा, "कांग्रेस का इकोसिस्टम अपनी जिम्मेदारी खो चुका है। कुछ घंटों में, असम के लोग इसका प्रभावी जवाब देंगे, और कांग्रेस की लीडरशिप को इस धोखे की कीमत चुकानी पड़ेगी।"
हिमंता बिस्वा सरमा का यह तीखा हमला कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के खिलाफ है। सरमा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस बार-बार नकली दस्तावेजों के माध्यम से जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने दावा किया कि असम सरकार की टीम ने पहले ही इन नकली दस्तावेजों को बेनकाब कर दिया है।
यह विवाद असम विधानसभा चुनाव २०२६ के ठीक पहले सामने आया है। कल असम, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होना है। इस संदर्भ में दोनों प्रमुख दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला तेज हो चुका है।
हिमंता सरमा ने कांग्रेस पर ‘धोखा’ का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी अब राजनीतिक नैतिकता की सीमाओं को पार कर चुकी है। उन्होंने असम की जनता से अपील की कि वे कांग्रेस के इन कथित झूठे प्रचार का मुंहतोड़ जवाब देंगे।
कांग्रेस की ओर से इस पोस्ट पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। हालाँकि, पार्टी के कुछ नेताओं ने पहले भी असम सरकार पर भ्रष्टाचार और जनविरोधी नीतियों के आरोप लगाए हैं।