क्या अटल इनोवेशन मिशन की पहल 'मेगा टिंकरिंग डे' इंडिया बुक और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हुई?

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क्या अटल इनोवेशन मिशन की पहल 'मेगा टिंकरिंग डे' इंडिया बुक और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हुई?

सारांश

अटल इनोवेशन मिशन ने 'मेगा टिंकरिंग डे 2025' को इंडिया बुक और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज कराकर एक नई वैश्विक पहचान बनाई है। यह पहल युवा छात्रों के लिए इनोवेशन और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने का एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत करती है। जानें इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बारे में।

मुख्य बातें

9467 एटीएल सुसज्जित स्कूलों ने भाग लिया।
4,73,350 छात्रों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
यह पहल पीएम मोदी के दृष्टिकोण के अनुरूप है।
उद्देश्य: इनॉवेशन और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देना।
यह रिकॉर्ड एक आंदोलन का प्रतीक है।

नई दिल्ली, 15 सितंबर (राष्ट्र प्रेस)। नीति आयोग द्वारा सोमवार को प्रदान की गई जानकारी के अनुसार, अटल इनोवेशन मिशन ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। इसने अपनी प्रमुख पहल मेगा टिंकरिंग डे 2025 को प्रतिष्ठित इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज कराया है। यह एक ही दिन में किसी टिंकरिंग गतिविधि में भाग लेने वाले छात्रों की अधिकतम संख्या का नया रिकॉर्ड है।

इस रिकॉर्ड की आधिकारिक पुष्टि और औपचारिक घोषणा सोमवार को इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स दोनों द्वारा की गई। यह मान्यता भारत के युवाओं में इनॉवेशन और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के एआईएम के मिशन का प्रमाण है।

नीति आयोग के अनुसार, 12 अगस्त, 2025 को देश भर के स्कूलों में वर्चुअल और एक साथ आयोजित इस कार्यक्रम में 9467 एटीएल सुसज्जित स्कूलों के 4,73,350 छात्रों ने भाग लिया। उन्होंने अपनी प्रयोगशालाओं में उपलब्ध रोजमर्रा की सामग्री का इस्तेमाल कर एक डीआईवाई वैक्यूम क्लीनर डिज़ाइन और निर्माण करने की एक व्यावहारिक परियोजना में भाग लिया। यह गतिविधि ऑनलाइन स्ट्रीम किए गए एक चरण-दर-चरण इंट्रक्शनल सेशन द्वारा की गई।

इस अवसर पर अटल इनोवेशन मिशन के मिशन निदेशक दीपक बागला ने कहा, "मेगा टिंकरिंग डे केवल एक रिकॉर्ड नहीं है, बल्कि यह एक आंदोलन है। यह हमारे युवा इनोवेटर्स की सामूहिक ऊर्जा का प्रतिनिधित्व करता है, जो देश के सुदूर कोनों से लेकर इसके व्यस्त शहरों तक, सीखने, सृजन और सहयोग के लिए एक साथ आए हैं। दुनिया के किसी भी अन्य देश ने अपने स्कूल इकोसिस्टम में इस पैमाने पर इनोवेशन को गति नहीं दी है। यह रिकॉर्ड दर्शाता है कि जब आप सही उपकरण, मार्गदर्शन, प्रेरणा और नेतृत्व प्रदान करते हैं, तो भारत के बच्चे कल की दुनिया को नया आकार देने में सक्षम बनते हैं।"

उन्होंने आगे कहा कि यह पहल पीएम मोदी के विकसित भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप है, जहां इनॉवेशन और युवा शक्ति भारत की विकास गाथा का आधार हैं।

बागला ने कहा, "भारत का भविष्य हमारी कक्षाओं में निर्मित हो रहा है और अटल टिंकरिंग लैब्स के माध्यम से, हम छात्रों को न केवल तकनीकी कौशल से सुसज्जित कर रहे हैं, बल्कि बड़े सपने देखने, अलग सोचने और वास्तविक दुनिया की चुनौतियों का समाधान करने की मानसिकता भी प्रदान कर रहे हैं।"

संपादकीय दृष्टिकोण

यह पहल भारत के विकास और युवाओं की शक्ति को उजागर करती है। अटल इनोवेशन मिशन द्वारा किया गया यह प्रयास न केवल छात्रों के लिए एक प्रेरणा है, बल्कि यह देश के भविष्य के लिए भी एक सकारात्मक संकेत देता है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मेगा टिंकरिंग डे क्या है?
यह एक ऐसा कार्यक्रम है जिसमें छात्र अपनी प्रयोगशालाओं में उपलब्ध सामग्रियों का उपयोग करते हुए विभिन्न परियोजनाओं पर काम करते हैं।
कितने छात्रों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया?
इसमें लगभग 4,73,350 छात्रों ने भाग लिया।
इस पहल का उद्देश्य क्या है?
इसका उद्देश्य छात्रों में इनोवेशन और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देना है।
राष्ट्र प्रेस
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