क्या बिहार में नए साल का जश्न धूमधाम से मनाया गया? सीएम नीतीश कुमार ने दी शुभकामनाएं
सारांश
Key Takeaways
- नए साल का जश्न धूमधाम से मनाया गया।
- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुभकामनाएं दीं।
- भक्तों ने मंदिरों और गुरुद्वारों में प्रार्थना की।
- नया साल उम्मीद और खुशियों का प्रतीक है।
- सभी नेताओं ने सामूहिक प्रयास की बात की।
पटना, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बिहार में नए साल का जश्न धूमधाम से मनाया गया। 31 दिसंबर से शुरू हुआ जश्न का माहौल गुरुवार को भी जारी रहा। इसी बीच, प्रदेश के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत कई नेताओं ने नए साल की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक्स पोस्ट में लिखा, "नव वर्ष के अवसर पर प्रदेश एवं देशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। ईश्वर से कामना है कि यह नव वर्ष आप सभी के लिए सुख, शांति, समृद्धि, सद्भाव एवं अनंत सफलताओं का वर्ष हो। सबके सम्मिलित प्रयास से सुखी, समृद्ध एवं गौरवशाली बिहार के निर्माण का संकल्प पूरा होगा।"
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुभकामनाएं देते हुए एक्स पोस्ट में लिखा, "समस्त देश व प्रदेश वासियों को आंग्ल नववर्ष 2026 की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। यह नूतन वर्ष बिहार के हर गांव, हर शहर और हर परिवार के जीवन में सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य और नई ऊर्जा लेकर आए। हम सब मिलकर एक सशक्त, आत्मनिर्भर और विकसित बिहार के निर्माण के संकल्प को और मजबूती दें, यही कामना है।"
उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने भी इसी तरह का संदेश जारी करते हुए कहा, "अंग्रेजी नव वर्ष 2026 के मौके पर बिहार के सभी लोगों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं। यह नया साल आप सभी के जीवन में खुशी, समृद्धि, स्वास्थ्य और खुशहाली लाए।"
इस बीच, नए साल की शुरुआत प्रार्थनाओं के साथ करने के लिए पटना और बिहार के अन्य जिलों में बड़ी संख्या में लोग मंदिरों और गुरुद्वारों में जाते देखे गए।
पटना जंक्शन के पास हनुमान मंदिर के बाहर भक्तों की लंबी कतार देखी गई, जो आर-ब्लॉक गोलंबर तक फैली हुई थी। राजवंशी नगर हनुमान मंदिर और पटन देवी मंदिरों में भी ऐसे ही दृश्य देखे गए, जहां बड़ी संख्या में भक्त इकट्ठा हुए थे।
पटना के तख्त श्री हरिमंदिर साहिब गुरुद्वारे में भी बड़ी संख्या में सिख श्रद्धालु देखे गए, जो नए साल में शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना कर रहे थे। शांतिपूर्ण और भक्तिमय जश्न ने 2026 की एक उम्मीद भरी शुरुआत की, जिसमें लोगों ने खुशी, सद्भाव और प्रगति के लिए प्रार्थना की।