क्या पीएमएफई योजना से शेखपुरा में ग्रामीण आत्मनिर्भर बन रहे हैं?
सारांश
Key Takeaways
- पीएमएफई योजना ने ग्रामीणों को आत्मनिर्भर बनाया है।
- कई उद्यमियों ने बेकरी व्यवसाय शुरू किया है।
- इस योजना के तहत लोन प्राप्त करके रोजगार सृजन हो रहा है।
शेखपुरा, 20 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को संगठित, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम औपचारिकीकरण योजना (पीएमएफई) जमीनी स्तर पर प्रभावी रूप से लागू होती नजर आ रही है।
यह योजना बिहार के शेखपुरा जिले में विशेष रूप से प्रभावी है, जहां यह केंद्र प्रायोजित योजना ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रोजगार सृजन, आत्मसम्मान और आर्थिक सशक्तीकरण का एक मजबूत माध्यम बनती जा रही है। खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय द्वारा संचालित यह योजना छोटे उद्यमियों को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित कर रही है।
पचना गांव के निवासी बहादुर रविदास ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में बताया कि पहले गांव में स्थायी रोजगार नहीं मिलने के कारण उन्हें कई बार खाली हाथ रहना पड़ता था। बेहतर भविष्य की तलाश में उन्होंने पंजाब जाकर बेकरी में काम किया, जहां उन्होंने इस व्यवसाय की तकनीक सीखी। 17 वर्षों तक काम करने के बाद, वह वापस बिहार लौटे और उद्योग विभाग से संपर्क किया, जहां उन्हें पीएमएफई योजना की जानकारी मिली।
उन्होंने योजना के तहत लोन के लिए आवेदन किया और कुछ समय बाद ऋण स्वीकृत हो गया। इस लोन की मदद से उन्होंने अपने गांव में बेकरी का व्यवसाय शुरू किया और आज दो अन्य लोगों को भी रोजगार दे रहे हैं।
रविदास ने बताया कि उनका व्यवसाय अच्छी तरह चल रहा है और इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने युवाओं से इस योजना का लाभ उठाने की अपील की।
इसी तरह, शेखपुरा के निवासी सूबे साव ने भी पीएमएफई योजना को अपने जीवन में बदलाव लाने वाला बताया। उन्होंने कहा कि पहले वह छोटे-मोटे कामों से गुजारा कर रहे थे, जिसमें मुनाफा कम था। बाद में, उन्होंने पीएमएफई योजना के तहत लोन लेकर बेकरी का व्यवसाय शुरू किया।
साव ने बताया कि उनका कारोबार ठीक चल रहा है और वह इसे और बढ़ाने की योजना बना रहे हैं। इस व्यवसाय से उन्होंने अन्य लोगों को भी रोजगार दिया है। पहले उनकी आर्थिक स्थिति कमजोर थी, लेकिन अब इसमें सुधार आया है। उन्होंने इस योजना के लिए केंद्र सरकार का आभार व्यक्त किया।