4 अगस्त 2026
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क्या सीवान से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी हार गए? सम्राट, विजय और तेजस्वी रहे विजयी, छोटी ने दर्ज की बड़ी जीत

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क्या सीवान से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी हार गए? सम्राट, विजय और तेजस्वी रहे विजयी, छोटी ने दर्ज की बड़ी जीत

सारांश

बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए ने ऐतिहासिक जीत पाई। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में कई छोटे दलों को हार का सामना करना पड़ा। सीवान से अवध बिहारी चौधरी की हार ने सबको चौंका दिया है। जानिए अन्य प्रमुख परिणाम।

मुख्य बातें

एनडीए ने बिहार में ऐतिहासिक जीत हासिल की।
अवध बिहारी चौधरी ने सीवान से चुनाव हारा।
छोटी कुमारी ने छपरा में बड़ी जीत दर्ज की।
तेजस्वी यादव ने राघोपुर से जीत हासिल की।
बिहार की राजनीतिक तस्वीर में बड़ा बदलाव देखने को मिला।

पटना, 14 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली एनडीए ने एक ऐतिहासिक जीत प्राप्त की है। इस चुनाव में कई छोटी पार्टियों का सूपड़ा साफ हो गया, जबकि कई नए उम्मीदवारों ने सफलता पाई।

इस क्रम में सीवान से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी 9 हजार से अधिक मतों से हार गए। उन्हें भाजपा के नेता और बिहार के मंत्री मंगल पांडेय ने हराया।

वहीं, तारापुर विधानसभा क्षेत्र से बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राजद के उम्मीदवार अरुण कुमार को 45,843 मतों से पराजित किया। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कांग्रेस के अमरेश कुमार को 24 हजार से अधिक मतों से हराकर लखीसराय विधानसभा क्षेत्र में फिर से विजय पताका फहराई है।

इसके अलावा, पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव के छोटे पुत्र और विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने राघोपुर से 14 हजार मतों से जीत हासिल की, जबकि बड़े पुत्र और जनशक्ति जनता दल के प्रमुख तेज प्रताप यादव को महुआ से हार का सामना करना पड़ा।

इस बीच, छपरा विधानसभा में बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जहां भाजपा की छोटी कुमारी ने भोजपुरी के चर्चित अभिनेता और गायक, राजद प्रत्याशी शत्रुघ्न यादव उर्फ खेसारी लाल यादव को पराजित किया। छोटी कुमारी को 86,845 वोट मिले, जबकि खेसारी यादव को 79,245 वोटों से संतोष करना पड़ा।

गया टाउन से बिहार के मंत्री और भाजपा प्रत्याशी प्रेम कुमार ने कांग्रेस के अखौरी ओंकार नाथ को 26,423 वोट से पराजित कर अपनी सीट पर कब्जा बरकरार रखा।

अलीनगर से चर्चित लोक गायिका और भाजपा प्रत्याशी मैथिली ठाकुर ने राजद के विनोद मिश्रा को 11 हजार से अधिक मतों से हराकर विधानसभा में प्रवेश किया। इस समय प्रदेश में नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए की सरकार है।

एनडीए की इतनी बड़ी जीत से स्पष्ट होता है कि बिहार में एनडीए की लोकप्रियता बढ़ रही है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बिहार विधानसभा चुनाव का मुख्य कारण क्या था?
मुख्य कारण मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नेतृत्व और एनडीए की रणनीति थी।
अवध बिहारी चौधरी की हार का क्या असर होगा?
यह हार राजनीति में बदलाव का संकेत दे सकती है और अन्य दलों को मजबूती प्रदान कर सकती है।
छोटे दलों की हार का क्या मतलब है?
यह दर्शाता है कि बड़े दलों की लोकप्रियता अभी भी बनी हुई है।
राष्ट्र प्रेस
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