भाजपा कार्यकर्ताओं की पहचान: सादगी, शालीनता और अनुशासन - शिव प्रकाश
सारांश
Key Takeaways
- भाजपा कार्यकर्ताओं की पहचान: सादगी, शालीनता, और अनुशासन
- भाजपा का संगठनात्मक दृष्टिकोण हमेशा स्थिर रहा है।
- प्रशिक्षण कार्यकर्ताओं को मजबूती प्रदान करता है।
- जनहितैषी योजनाएं लोगों के जीवन में बदलाव ला रही हैं।
- भाजपा की विचारधारा राष्ट्र प्रथम की भावना पर आधारित है।
जबलपुर/भोपाल, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिव प्रकाश ने कहा कि सादगी, शालीनता और अनुशासन भाजपा कार्यकर्ता की पहचान होनी चाहिए। भाजपा एक ऐसा संगठन है जिसने अपनी विरासत के साथ कभी समझौता नहीं किया।
जबलपुर में भाजपा के संभागीय कार्यालय में पं. दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान के अंतर्गत आयोजित विषय वक्ता कार्यशाला को संबोधित करते हुए शिव प्रकाश ने कहा कि हम एक विचार और एक लक्ष्य के लिए कार्य करने वाले कार्यकर्ता हैं। भाजपा एक कार्यकर्ता आधारित दल है। कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करने के लिए प्रशिक्षण वर्ग आवश्यक हैं। अनुशासन हमारी कार्य पद्धति का अभिन्न हिस्सा है, अनुशासन से ही लक्ष्य हासिल होते हैं।
शिव प्रकाश ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार कई जनहितैषी और कल्याणकारी योजनाएं चला रही है। ये योजनाएं लोगों के जीवन में उल्लेखनीय परिवर्तन ला रही हैं। देश तेजी से प्रगति कर रहा है। कार्यकर्ताओं को केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं की जानकारी जनता तक पहुंचानी चाहिए, ताकि लोग जान सकें कि भाजपा सरकारें किस प्रकार से उनके जीवन में खुशहाली लाने का कार्य कर रही हैं।
शिव प्रकाश ने कहा कि सादगी, शालीनता और अनुशासन भाजपा कार्यकर्ता की पहचान होनी चाहिए। भाजपा संगठन ने अपनी विचारधारा से कभी समझौता नहीं किया। जनसंघ की स्थापना के समय से आज तक पार्टी की जो विचारधारा है, वही आज भी कायम है। भाजपा अपनी विचारधारा, राष्ट्र प्रथम की भावना के कारण ही विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बन चुकी है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि भाजपा केवल एक राजनीतिक दल नहीं है, बल्कि सांस्कृतिक एकता और एकात्म मानववाद पर आधारित एक विचारधारा है। भाजपा की संगठन शक्ति को और मजबूत करने के लिए समय-समय पर कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण आवश्यक होता है।
हेमंत खण्डेलवाल, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष, ने कहा कि प्रशिक्षण से पार्टी संगठन और सशक्त होता है। भाजपा ने हमेशा अपनी विचारधारा से समझौता नहीं किया है। डॉ. महेन्द्र सिंह, भाजपा के प्रदेश प्रभारी, ने कहा कि 1952 में जनसंघ के गठन के बाद से पार्टी की यात्रा निरंतर चल रही है। पार्टी के समर्पित कार्यकर्ताओं की मेहनत से आज पार्टी एक वट वृक्ष बन चुकी है। प्रशिक्षण के माध्यम से कार्यकर्ताओं को विकसित किया जाता है, इसलिए आदर्श संगठन बनाए रखने के लिए कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण आवश्यक है।
गुजरात के प्रदेश संगठन महामंत्री रत्नाकर ने प्रजेंटेशन के जरिए कार्यशाला की विषय वस्तु और कार्य योजना को प्रस्तुत किया। इस कार्यशाला में जबलपुर, छिंदवाड़ा, रीवा और शहडोल संभाग के विषय वक्तागण उपस्थित रहे।