CGPSC राज्य सेवा मुख्य परीक्षा 2025 का नया शेड्यूल जारी, अब 6 से 9 जून 2026 को होगी परीक्षा
सारांश
Key Takeaways
छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) ने राज्य सेवा मुख्य परीक्षा 2025 की तिथियों में बदलाव करते हुए संशोधित शेड्यूल जारी कर दिया है। अभ्यर्थियों की माँग को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार ने शुक्रवार, 1 मई 2026 को यह अहम निर्णय लिया। अब यह परीक्षा पहले निर्धारित 16 से 19 मई 2026 के स्थान पर 6 से 9 जून 2026 के बीच आयोजित की जाएगी।
परीक्षा तिथि में बदलाव क्यों हुआ
सीजीपीएससी अभ्यर्थी लंबे समय से परीक्षा तिथि में बदलाव की माँग कर रहे थे, ताकि उन्हें बेहतर तैयारी का पर्याप्त समय मिल सके। विष्णु देव साय सरकार ने इस माँग को गंभीरता से लेते हुए CGPSC को संशोधित कार्यक्रम जारी करने के निर्देश दिए। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में सरकारी नौकरियों की तैयारी करने वाले युवाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है और परीक्षा की गुणवत्ता सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता बनी हुई है।
नया परीक्षा कार्यक्रम — पूरा विवरण
राज्य सेवा मुख्य परीक्षा 2025 अब 6, 7, 8 एवं 9 जून 2026 को आयोजित होगी। परीक्षा प्रतिदिन दो पालियों में संपन्न होगी — पहली पाली सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक (IST)।
दिनवार परीक्षा कार्यक्रम इस प्रकार है:
6 जून: पहली पाली में भाषा का पेपर और दूसरी पाली में निबंध लेखन का पेपर।
7 जून: पहली पाली में सामान्य अध्ययन-I और दूसरी पाली में सामान्य अध्ययन-II।
8 जून: पहली पाली में सामान्य अध्ययन-III और दूसरी पाली में सामान्य अध्ययन-IV।
9 जून: केवल एक पाली — सामान्य अध्ययन-V का पेपर सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक।
परीक्षा केंद्र और एडमिट कार्ड
परीक्षा राज्य के पाँच प्रमुख केंद्रों — सरगुजा (अम्बिकापुर), बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर (जगदलपुर) और रायपुर — में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। CGPSC के अनुसार, प्रवेश पत्र परीक्षा तिथि से 10 दिन पूर्व आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी किए जाएंगे।
गौरतलब है कि आयोग किसी भी अभ्यर्थी को अलग से प्रवेश पत्र या एसएमएस नहीं भेजेगा। अभ्यर्थियों को स्वयं CGPSC की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर एडमिट कार्ड डाउनलोड करना होगा।
अभ्यर्थियों पर असर
परीक्षा तिथि में लगभग तीन सप्ताह की वृद्धि से अभ्यर्थियों को अतिरिक्त तैयारी का समय मिलेगा। विशेष रूप से वे अभ्यर्थी जो एक साथ कई प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, उनके लिए यह राहत महत्वपूर्ण है। राज्य सरकार का यह कदम प्रशासनिक सेवाओं में पारदर्शिता और अभ्यर्थी-हितैषी नीति की दिशा में एक सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। आने वाले हफ्तों में अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड डाउनलोड प्रक्रिया पर नज़र रखनी होगी।