क्या छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के दर्द झेल चुके लोगों के जीवन में खुशियों की लौ लौट रही है?

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क्या छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के दर्द झेल चुके लोगों के जीवन में खुशियों की लौ लौट रही है?

सारांश

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद की त्रासदी झेल चुके परिवारों के जीवन में अब खुशियों का संचार हो रहा है। केंद्र सरकार की 'प्रधानमंत्री आवास योजना' के तहत उन्हें अपने घर मिल रहे हैं। यह योजना उन लोगों के लिए नई उम्मीद लेकर आई है, जिन्होंने नक्सलवाद के कारण अपनों को खोया है।

Key Takeaways

  • नक्सलवाद से प्रभावित परिवारों को आवास प्रदान करने की योजना।
  • केंद्र सरकार की कोशिशें खुशियों की नई किरण लेकर आई हैं।
  • लाभार्थियों की कहानियाँ प्रेरणादायक हैं।
  • अगले कुछ महीनों में और परिवारों को भी लाभ मिलेगा।
  • नक्सलवाद का प्रभाव अब खत्म हो चुका है।

रायपुर, 22 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। नक्सलवाद के दंश ने कितने ही खुशहाल परिवारों को बर्बाद कर दिया था। अब, ऐसे ही परिवारों के जीवन में खुशियों का उजाला लाने का कार्य केंद्रीय सरकार ने अपने कंधों पर उठाया है। विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से, केंद्र सरकार उन परिवारों के चेहरे पर मुस्कान लौटाने की कोशिश कर रही है, जो नक्सलवाद का शिकार बने हैं।

इन योजनाओं में से एक है ‘प्रधानमंत्री आवास योजना’। इस योजना का लक्ष्य बेघर लोगों को स्थायी आवास प्रदान करना है। छत्तीसगढ़ के मोहला-मानपुर में नक्सलवाद का सामना कर चुके लोगों को इस योजना के तहत आवास उपलब्ध कराया जा रहा है।

लाभार्थियों ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में अपनी ख़ुशी व्यक्त की। उन्होंने नक्सलवाद के द्वारा लाए गए संकटों का उल्लेख किया और इस योजना की महत्वपूर्णता के बारे में भी बताया।

नक्सल पीड़ित अघन सिंघ ने बताया कि 2009 में नक्सलियों ने उनके पिता को पुलिस का मुखबिर समझकर मार दिया था। इस घटना के बाद किसी ने भी उनकी मदद नहीं की, लेकिन अब केंद्र सरकार की सराहनीय पहल से उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिल रहा है। वह अपनी ख़ुशी को शब्दों में नहीं कह सकते, लेकिन इस योजना ने उनकी जिंदगी में अनगिनत खुशियों की संजीवनी दी है।

दूसरी नक्सली पीड़िता राम बाई मंडवी ने बताया कि 2009 में नक्सली घटना के बाद वह अपने गाँव छोड़कर चली गई थीं। अब जब नक्सलवाद समाप्त हो चुका है, तो वे सब अपने गाँव वापस लौट आए हैं। उन्हें इस योजना के तहत घर मिलने की खुशी है।

नक्सली पीड़िता रमिता बाई ने भी अपनी कठिनाइयों को याद किया। उन्होंने बताया कि नक्सलियों ने पहले उसे पकड़कर मारपीट की थी, लेकिन अब केंद्र सरकार की मदद से उन्हें अपना घर मिल रहा है।

सीईओ प्राजंल प्रजापति ने कहा कि हम नक्सलवाद से प्रभावित लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास मुहैया करा रहे हैं। हम ऐसे लोगों की पहचान कर रहे हैं जो नक्सलवाद से पीड़ित हैं।

पुलिस अधीक्षक ने कहा कि जिले में नक्सलवाद अब पूरी तरह समाप्त हो गया है। अब हम नक्सलवाद से पीड़ित लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। अब तक 20 नक्सल पीड़ित परिवारों को इस योजना का लाभ मिल चुका है। जल्द ही अन्य परिवार भी इस योजना के लाभार्थी बनेंगे।

Point of View

प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से उन्हें नए जीवन की उम्मीद मिल रही है। यह एक सकारात्मक बदलाव है, जो न केवल परिवारों को पुनर्निर्माण की ओर ले जा रहा है, बल्कि समाज में एक नई उम्मीद भी पैदा कर रहा है।
NationPress
22/01/2026

Frequently Asked Questions

प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ किसे मिल सकता है?
यह योजना उन बेघरों के लिए है जो नक्सलवाद से प्रभावित हुए हैं और जिनके पास कोई स्थायी आवास नहीं है।
क्या इस योजना से सभी नक्सल प्रभावित परिवार लाभान्वित हो सकते हैं?
हाँ, योजना के तहत सभी नक्सल पीड़ित परिवारों को घर मुहैया कराने का प्रयास किया जा रहा है।
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