CJP आंदोलन 'राष्ट्र विरोधी': बंगाल BJP अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य का हमला, ममता की हिरासत का दावा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पश्चिम बंगाल अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने 10 अक्टूबर 2026 को आरोप लगाया कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' (सीजेपी) का जारी आंदोलन देशविरोधी है और इसे देशविरोधी ताकतों का समर्थन हासिल है। यह आंदोलन मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर चल रहा है।
भट्टाचार्य के आरोप — क्या कहा
भट्टाचार्य ने कहा कि लोकतांत्रिक देश में हर नागरिक को विरोध का अधिकार है, लेकिन कुछ 'गैरजरूरी ताकतें' इस आंदोलन का इस्तेमाल खुद को अहमियत दिखाने के लिए कर रही हैं। उन्होंने कहा, 'आज का विरोध हताशा की वजह से हो रहा है।' उनका यह भी आरोप था कि देशविरोधी ताकतें नकाब पहनकर काम कर रही हैं और सरकार के पास इस बारे में पक्की जानकारी है।
बिना सीधे नाम लिए, भट्टाचार्य ने कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर निशाना साधते हुए कहा कि 'आधी-मरी हुई राजनीतिक ताकत' ने आंदोलन के जरिए प्रासंगिक बने रहने के लिए 'एक मरी हुई ताकत' से हाथ मिला लिया है।
ममता पर कटाक्ष — त्योहार पर बंगाल छोड़ना
भट्टाचार्य ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि ममता त्योहार के मौसम में राज्य छोड़कर नई दिल्ली चली गई हैं। उन्होंने व्यंग्यपूर्वक कहा — 'हम चाहते हैं कि वे यहां रहें और अलग-अलग पूजा पंडालों में जाएं।' साथ ही उन्होंने सवाल उठाया कि TMC के बड़े नेता इस वक्त कहाँ हैं।
ममता का पलटवार — हिरासत का दावा
इस बीच, ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो संदेश जारी करते हुए आरोप लगाया कि उन्हें नई दिल्ली में जंतर-मंतर पहुँचने से रोका गया। उन्होंने दावा किया कि TMC नेताओं के साथ उन्हें राष्ट्रीय राजधानी में उनके आवास पर ही रोक कर रखा गया।
ममता ने वीडियो संदेश में आगे कहा कि जब उन्होंने साउथ एवेन्यू में शांतिपूर्ण धरना शुरू किया, तो दिल्ली पुलिस के जवानों ने TMC नेताओं को हिरासत में लेकर पुलिस वैन में बैठा दिया। उनके शब्दों में — 'मैं जंतर-मंतर पर युवाओं के आंदोलन में शामिल होना चाहती थी, लेकिन हमें इजाजत नहीं दी गई।'
ममता ने BJP पर भारत में लोकतंत्र को 'खत्म' करने की कोशिश का आरोप लगाते हुए कहा कि अंततः BJP सफल नहीं होगी।
CEC इस्तीफा विवाद — पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि सीजेपी के नेतृत्व में यह आंदोलन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग को लेकर चल रहा है। यह आंदोलन ऐसे समय में तेज हुआ है जब विपक्षी दल चुनाव आयोग की स्वायत्तता और निष्पक्षता पर सवाल उठाते रहे हैं। BJP इन आरोपों को सिरे से खारिज करती है।
आगे क्या
भट्टाचार्य के बयान और ममता के हिरासत के दावों के बाद राजनीतिक तापमान और बढ़ने की संभावना है। TMC और BJP के बीच यह टकराव आने वाले दिनों में और तीखा हो सकता है, खासकर जब त्योहारी सीजन में जनता का ध्यान आकर्षित करने की राजनीतिक होड़ जारी है।