दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पश्चिम बंगाल में जनसंवाद की योजना बनाई
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का पश्चिम बंगाल दौरा महत्वपूर्ण है।
- राज्य में जनसंवाद का आयोजन किया जाएगा।
- पश्चिम बंगाल में चुनाव दो चरणों में होंगे।
- मतगणना ४ मई को होगी।
- मुख्यमंत्री का उद्देश्य जनहित में स्थायी बदलाव लाना है।
नई दिल्ली, ११ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पश्चिम बंगाल की पवित्र भूमि को प्रणाम करते हुए वहाँ की जनता के साथ सीधे संवाद करने की योजना का ऐलान किया है। उन्होंने बताया कि वह जल्दी ही पश्चिम बंगाल के रानीगंज और गलसी-पनागढ़ क्षेत्रों का दौरा करेंगी।
सीएम रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "बंगाल की पवित्र भूमि को नमन। कुछ ही समय में रानीगंज और गलसी-पनागढ़ की सम्मानित जनता से संवाद का अवसर मिलेगा। बंगाल भाजपा के हमारे मेहनती कार्यकर्ताओं का उत्साह स्पष्ट रूप से दर्शा रहा है कि टीएमसी के सिंडिकेट राज की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। ममता दीदी का जाना तय है और सेवा, सुशासन और विकास का एक नया युग इस मई से आरंभ होगा।"
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं का बढ़ता उत्साह इस बात का संकेत है कि पश्चिम बंगाल में परिवर्तन की लहर तेज हो रही है। उन्होंने दावा किया कि जमीनी स्तर पर लोगों का समर्थन लगातार बढ़ रहा है और कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी से यह स्पष्ट हो रहा है कि जनता अब बदलाव के लिए तैयार है।
रेखा गुप्ता ने अपने बयान में आगे कहा कि राज्य में सेवा, सुशासन और विकास को केंद्र में रखते हुए एक नई प्रशासनिक और राजनीतिक व्यवस्था की शुरुआत की जाएगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में ऐसा नेतृत्व सामने आएगा जो जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरेगा और प्रदेश को नई दिशा तथा गति प्रदान करेगा। उनका उद्देश्य केवल राजनीतिक विस्तार नहीं बल्कि जनहित में स्थायी और सकारात्मक बदलाव लाना है।
इसके पहले, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन से शिष्टाचार भेंट की। इस महत्वपूर्ण बैठक में दिल्ली के समग्र विकास, जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा संगठनात्मक विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस मुलाकात के दौरान पार्टी नेतृत्व से उन्हें महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्राप्त हुआ, जो भविष्य की योजनाओं को अधिक प्रभावी दिशा देने में सहायक सिद्ध होगा।
बता दें कि इस बार राज्य में मतदान दो चरणों में कराया जाएगा, जो पिछली बार के मुकाबले काफी कम है। चुनाव आयोग द्वारा जारी शेड्यूल के अनुसार, पहले चरण का मतदान २३ अप्रैल को होगा, जिसमें १५२ सीटों पर वोट डाले जाएंगे। वहीं दूसरे चरण का मतदान २९ अप्रैल को होगा, जिसमें बाकी १४२ सीटों पर मतदान कराया जाएगा।
मतगणना ४ मई को होगी, जिसके बाद नई सरकार की तस्वीर साफ हो जाएगी। राज्य की कुल २९४ विधानसभा सीटों पर इस बार चुनाव हो रहे हैं। खास बात यह है कि इस बार चुनाव सिर्फ दो चरणों में संपन्न होंगे जबकि २०२१ के विधानसभा चुनाव ८ चरणों में कराए गए थे। इससे चुनाव प्रक्रिया को अधिक तेज और व्यवस्थित बनाने की कोशिश मानी जा रही है।