धर्मेंद्र प्रधान ने संबलपुर में चलाया स्वच्छता अभियान, 1 लाख वॉलंटियर 500 जगहों पर उतरे
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 10 अक्टूबर 2026 को ओडिशा के संबलपुर में 'स्वच्छता ही सेवा 2026' अभियान के अंतर्गत 'सेवा संकल्प अभियान' का नेतृत्व किया। उन्होंने स्वयं झाड़ू उठाकर लक्ष्मी टॉकीज स्क्वायर से गोल बाज़ार तक सफाई की और नागरिकों से स्वच्छता को जन-आंदोलन बनाने की अपील की। इस अभियान में 1 लाख से अधिक स्वयंसेवकों और सफाई कर्मचारियों ने भागीदारी की।
अभियान का विस्तार और संचालन
यह सफाई अभियान सुबह 6:30 बजे IST से शुरू हुआ और संबलपुर जिले की 500 से अधिक शहरी इकाइयों में एक साथ आयोजित किया गया। संबलपुर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के अंतर्गत आने वाले क्षेत्र भी इस अभियान में शामिल थे। इसका मुख्य उद्देश्य नागरिकों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सक्रिय सहभागिता को प्रोत्साहित करना था।
यह ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार 'स्वच्छ भारत मिशन' के एक दशक पूरे होने के उपलक्ष्य में देशभर में विशेष अभियान आयोजित कर रही है। गौरतलब है कि इस तरह के जन-सहभागिता कार्यक्रमों को राष्ट्रीय स्तर पर स्वच्छता सूचकांकों से जोड़कर भी देखा जाता है।
प्रशासनिक और सामाजिक भागीदारी
प्रधान के साथ संबलपुर के जिला कलेक्टर, डीआईजी, पुलिस अधीक्षक, संबलपुर नगर निगम कमिश्नर और विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्यों ने भी इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाई। जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों की व्यक्तिगत उपस्थिति इस आयोजन को एक औपचारिक प्रशासनिक प्राथमिकता का रूप देती है।
धर्मेंद्र प्रधान के विचार
इस अवसर पर बोलते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, 'स्वच्छता ही सेवा है। यह एक बहुत ज़रूरी अभियान है। आज संबलपुर जिले में, 500 से अधिक शहरी इलाकों और 1 लाख से अधिक वॉलंटियर और सफाई कर्मचारी सफाई के काम में लगे हैं। यह स्वच्छता की निशानी है, अनुशासित जीवन जीने का एक तरीका है और इसे हमें अपनाना चाहिए।'
उन्होंने सिंगल-यूज़ प्लास्टिक के बढ़ते उपयोग पर भी चिंता जताई और कहा कि यह पर्यावरण के लिए अत्यंत हानिकारक है। उनके अनुसार, जब हम पर्यावरण को नुकसान पहुँचाते हैं, तो वास्तव में हम मानव समाज और सार्वजनिक संपत्ति को क्षति पहुँचाते हैं।
आम जनता पर असर और आगे की राह
प्रधान ने नागरिकों से आग्रह किया कि यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने घर और उसके आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ रखे, तो पूरा शहर स्वतः साफ बनेगा। यह सोच 'स्वच्छ भारत मिशन' की बॉटम-अप भागीदारी वाली रणनीति के अनुरूप है।
इस तरह के बड़े पैमाने के आयोजन स्थानीय निकायों के स्वच्छता सर्वेक्षण रैंकिंग पर भी सीधा प्रभाव डालते हैं। आगामी स्वच्छ सर्वेक्षण में संबलपुर की स्थिति पर इस अभियान के परिणाम परिलक्षित होने की उम्मीद जताई जा रही है।