दुर्गाडी किले नवरात्रि मेला 2026: 11-20 अक्टूबर तक भारी वाहनों पर प्रतिबंध, शाम 4 से रात 12 बजे तक लागू
सारांश
मुख्य बातें
कल्याण पश्चिम स्थित दुर्गाडी किले में नवरात्रि और दशहरा उत्सव के दौरान लगने वाले मेले को लेकर ठाणे यातायात पुलिस ने 10 अक्टूबर 2026 को विशेष यातायात नियंत्रण अधिसूचना जारी की है। इस अधिसूचना के अनुसार 11 से 20 अक्टूबर 2026 तक प्रतिदिन शाम 4 बजे से रात 12 बजे के बीच कल्याण और उसके आसपास के प्रमुख मार्गों पर भारी वाहनों, छह पहिया वाहनों, बहुधुरी वाहनों तथा निजी व सरकारी बसों के प्रवेश पर पूर्ण रोक रहेगी।
अधिसूचना की पृष्ठभूमि और उद्देश्य
दुर्गाडी किले का नवरात्रि मेला महाराष्ट्र के ठाणे जिले के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक है, जिसमें हर साल लाखों श्रद्धालु उमड़ते हैं। भारी श्रद्धालु भीड़ के कारण कल्याण और उसके आस-पास के मार्गों पर यातायात बाधित होने की आशंका को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में त्योहारी सीजन के दौरान यातायात दुर्घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन अतिरिक्त सतर्कता बरत रहा है।
प्रतिबंधित स्थान और मार्ग
ठाणे शहर यातायात विभाग के पुलिस उपायुक्त पंकज शिरसात द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार जिन स्थानों पर भारी वाहनों का प्रवेश रोका जाएगा, उनमें कल्याण नाका, खोनी निसर्ग ढाबा, नेवाली नाका, श्रीराम चौक, आधारवाड़ी चौक, रंजनोली नाका और सवाद नाका शामिल हैं। ये सभी कल्याण और उसके निकटवर्ती क्षेत्रों में स्थित प्रमुख यातायात बिंदु हैं।
वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था
यातायात पुलिस ने भारी वाहन चालकों की सुविधा के लिए विस्तृत वैकल्पिक मार्ग भी निर्धारित किए हैं। कल्याण नाका से आने वाले वाहनों को मुंब्रा बाईपास, खारेगांव टोल प्लाजा और मुंबई-नासिक राजमार्ग से जाने का निर्देश दिया गया है।
खोनी निसर्ग ढाबा की ओर से आने वाले वाहन कल्याण फाटा, बदलापुर-अंबरनाथ मार्ग और कटाई-बदलापुर चौक से होकर जा सकेंगे। नेवाली नाका से आने वाले वाहनों के लिए बदलापुर-अंबरनाथ राजमार्ग का उपयोग अनिवार्य होगा। श्रीराम चौक से भारी वाहनों को उल्हासनगर, शाहद और अंबरनाथ मार्ग से जाने की व्यवस्था की गई है।
आधारवाड़ी चौक से भिवंडी की ओर जाने वाले वाहनों को गांधारी पुल, बापगांव और सोनाले मार्ग से जाने का विकल्प दिया गया है। रंजनोली नाका से आने वाले वाहन खारेगांव टोल प्लाजा के रास्ते जा सकते हैं, जबकि सवाद नाका से आने वाले वाहनों के लिए सोनाले मार्ग निर्धारित किया गया है।
आवश्यक सेवाओं को छूट
यातायात प्रतिबंध का दायरा सभी वाहनों पर समान रूप से लागू नहीं होगा। पुलिस वाहन, अग्निशमन दल, एम्बुलेंस और अन्य आवश्यक सेवा वाहनों को इस प्रतिबंध से पूरी तरह मुक्त रखा गया है, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित हो सके।
वाहन चालकों से अपील
यातायात पुलिस ने सभी वाहन चालकों से अनुरोध किया है कि वे निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का पालन करें, यातायात नियमों का उल्लंघन न करें और प्रशासन को सहयोग दें। 20 अक्टूबर 2026 को दशहरे के पर्व के साथ यह मेला और प्रतिबंध दोनों समाप्त होंगे। इस अवधि में मेले में भाग लेने वाले श्रद्धालुओं से भी निवेदन किया गया है कि वे सार्वजनिक परिवहन का अधिकतम उपयोग करें।