गोरेगांव ड्रग्स केस: वनराई पुलिस ने एक और संदिग्ध को गिरफ्तार किया, कुल 7 लोग हिरासत में
सारांश
Key Takeaways
- गोरेगांव ड्रग्स केस में अभी तक 7 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।
- पुलिस मुख्य आरोपी की तलाश कर रही है।
- ड्रग्स को सुनियोजित तरीके से कंसर्ट में पहुँचाया गया था।
- पुलिस ने कंसर्ट में उपस्थित लोगों की जांच शुरू कर दी है।
- यह घटना समाज में ड्रग्स के बढ़ते प्रभाव की ओर इशारा करती है।
मुंबई, 16 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई के गोरेगांव में स्थित नेस्को सेंटर पर आयोजित लाइव कंसर्ट में ड्रग्स की ओवरडोज से दो छात्रों की मृत्यु के मामले में जांच अब तेजी से प्रगति पर है। पुलिस लगातार नए तथ्यों का खुलासा कर रही है। इस मामले में वनराई पुलिस ने एक और संदिग्ध को गिरफ्तार किया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही अब तक कुल 7 व्यक्तियों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।
सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार किया गया सातवां संदिग्ध ड्रग सप्लाई नेटवर्क से जुड़ा हुआ है और उसका कार्य बड़ा इवेंट्स और लाइव कंसर्ट में ड्रग्स पहुँचाने का था। पुलिस अब भी मुख्य आरोपी की खोज कर रही है, जो इस पूरे नेटवर्क का संचालक बताया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, यह गिरोह अत्यंत सुनियोजित ढंग से कार्य करता था। ड्रग्स को पहले बाहरी क्षेत्रों से मुंबई लाया जाता था और फिर विभिन्न माध्यमों से कंसर्ट और पार्टियों में पहुँचाया जाता था। जांच में यह भी सामने आया है कि कल्याण से पोर्टर के माध्यम से ड्रग्स मुंबई भेजे जाते थे और बाद में इन्हें छात्रों और युवाओं को बेचा जाता था।
जानकारी के अनुसार, नेस्को सेंटर में हुए इस कंसर्ट से एक दिन पहले यानी 10 अप्रैल को MDMA ड्रग्स की सप्लाई की गई थी। पुलिस का मानना है कि इसी ड्रग्स के ओवरडोज के कारण दो छात्रों की जान गई।
इस घटना के बाद पुलिस ने कंसर्ट में उपस्थित व्यक्तियों की भी जांच प्रारंभ कर दी है। कई लोगों से पूछताछ की जा रही है और डिजिटल सबूत भी जुटाए जा रहे हैं। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि इतने बड़े इवेंट में ड्रग्स कैसे पहुँचे और सुरक्षा व्यवस्था में कहाँ चूक हुई।
वनराई पुलिस ने बुधवार रात इस नए संदिग्ध को गिरफ्तार किया और उसे गुरुवार को न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है। पुलिस का कहना है कि यह पूरा नेटवर्क काफी बड़ा है और इसमें और भी लोग शामिल हो सकते हैं, जिनकी तलाश जारी है।