पीयूष गोयल ने UK के पीटर काइल से की वर्चुअल बैठक, भारत-UK सीईटीए के तहत व्यापार दोगुना करने पर चर्चा

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पीयूष गोयल ने UK के पीटर काइल से की वर्चुअल बैठक, भारत-UK सीईटीए के तहत व्यापार दोगुना करने पर चर्चा

सारांश

भारत और यूके के बीच सीईटीए पर जुलाई 2025 में हस्ताक्षर हो चुके हैं — और अब वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल की पीटर काइल से वर्चुअल बैठक इस समझौते को ज़मीन पर उतारने की दिशा में अगला कदम है। 2030 तक व्यापार दोगुना करने के लक्ष्य के साथ भारत का एफटीए नेटवर्क अब 38 देशों तक फैल चुका है।

Key Takeaways

पीयूष गोयल ने 1 मई 2026 को UK के पीटर काइल के साथ भारत-यूके सीईटीए पर वर्चुअल बैठक की। PM नरेंद्र मोदी ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 56 अरब डॉलर से दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। वित्त वर्ष 2020-21 से 2024-25 के बीच भारत के एफटीए साझेदारों के साथ व्यापार 92% बढ़ा, बनाम शेष विश्व के साथ 41.5% वृद्धि। भारत अब 38 देशों के साथ 9 एफटीए के माध्यम से जुड़ा है। भारत-EU एफटीए पर 27 जनवरी 2026 को हस्ताक्षर हुए; भारत-यूके सीईटीए जुलाई 2025 में साइन हुआ।

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने 1 मई 2026 को ब्रिटेन के बिजनेस और ट्रेड राज्य सचिव पीटर काइल के साथ वर्चुअल बैठक की, जिसमें भारत-यूके व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (सीईटीए) का पूरा लाभ उठाने और द्विपक्षीय व्यापार व निवेश को और गति देने के तरीकों पर विस्तृत चर्चा हुई। मंत्री ने इस बैठक की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा की।

बैठक में क्या हुई चर्चा

दोनों नेताओं ने भारत-यूके सीईटीए के अंतर्गत व्यापार और निवेश संबंधों को मजबूत करने के व्यावहारिक उपायों पर विचार-विमर्श किया। यह बैठक दोनों देशों के बीच पहले हो चुकी उच्च-स्तरीय वार्ताओं की कड़ी में अगला कदम है। गौरतलब है कि भारत-यूके सीईटीए पर जुलाई 2025 में हस्ताक्षर किए गए थे।

2030 तक व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य

पिछले वर्ष आयोजित भारत-यूके सीईओ फोरम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विश्वास जताया था कि 2030 तक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को लगभग 56 अरब डॉलर से दोगुना किया जाएगा। यह महत्वाकांक्षी लक्ष्य ही वर्तमान उच्च-स्तरीय वार्ताओं की बुनियाद है।

भारत का विस्तृत होता एफटीए नेटवर्क

एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत अब उन देशों के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) कर रहा है जहाँ व्यापार और सप्लाई चेन पहले से तेज़ी से विकसित हो रही हैं। वित्त वर्ष 2020-21 से 2024-25 के बीच भारत का अपने प्रमुख एफटीए साझेदार देशों के साथ व्यापार 92 प्रतिशत बढ़ा है, जबकि शेष विश्व के साथ व्यापार वृद्धि केवल 41.5 प्रतिशत रही — यह अंतर एफटीए रणनीति की उपयोगिता को स्पष्ट रूप से रेखांकित करता है।

वर्तमान में भारत 38 देशों के साथ 9 एफटीए के माध्यम से जुड़ा हुआ है। इस नेटवर्क की शुरुआत 2021 में मॉरीशस के साथ समझौते से हुई थी। इसके बाद मई 2022 में यूएई के साथ व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौता, दिसंबर 2022 में ऑस्ट्रेलिया के साथ व्यापार समझौता, 10 मार्च 2024 को ईएफटीए समझौते पर हस्ताक्षर (जो 1 अक्टूबर 2025 से लागू हुआ), जुलाई 2025 में भारत-यूके सीईटीए, दिसंबर 2025 में भारत-ओमान सीईपीए, 22 दिसंबर 2025 को भारत-न्यूजीलैंड एफटीए की घोषणा और 27 जनवरी 2026 को भारत-यूरोपीय संघ (ईयू) एफटीए पर हस्ताक्षर हुए।

वैश्विक व्यापार में भारत की रणनीति

पिछले सप्ताह पीयूष गोयल ने विश्व व्यापार संगठन (WTO) को अधिक संतुलित और प्रभावी बनाने की आवश्यकता पर ज़ोर दिया था, ताकि यह विकासशील और कम विकसित देशों की ज़रूरतों को समुचित रूप से पूरा कर सके। वैश्विक व्यापार में बढ़ती अनिश्चितता के बीच भारत की एफटीए-केंद्रित रणनीति को विशेषज्ञ मज़बूत और सुरक्षित मान रहे हैं। आने वाले महीनों में सीईटीए के क्रियान्वयन की दिशा में दोनों देशों के बीच और बैठकें अपेक्षित हैं।

Point of View

लेकिन असली परीक्षा क्रियान्वयन की गति में होगी। भारत का एफटीए नेटवर्क तेज़ी से विस्तृत हो रहा है — 38 देश, 9 समझौते — फिर भी GDP में निर्यात की हिस्सेदारी अपेक्षित गति से नहीं बढ़ी है। 92% व्यापार वृद्धि का आँकड़ा प्रभावशाली है, पर यह भी देखना होगा कि इसमें भारतीय एमएसएमई और श्रम-प्रधान क्षेत्रों की कितनी भागीदारी है। बिना क्षमता-निर्माण और मानकीकरण के, एफटीए बड़े कॉर्पोरेट्स के लिए अवसर बन सकते हैं, छोटे निर्यातकों के लिए नहीं।
NationPress
01/05/2026

Frequently Asked Questions

भारत-यूके सीईटीए क्या है और इस पर कब हस्ताक्षर हुए?
भारत-यूके व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौता (सीईटीए) एक द्विपक्षीय मुक्त व्यापार समझौता है जिस पर जुलाई 2025 में हस्ताक्षर किए गए। इसका उद्देश्य दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश को बढ़ावा देना है।
पीयूष गोयल और पीटर काइल की बैठक में क्या तय हुआ?
1 मई 2026 को हुई वर्चुअल बैठक में दोनों नेताओं ने सीईटीए का पूरा लाभ उठाने और व्यापार व निवेश बढ़ाने के व्यावहारिक तरीकों पर चर्चा की। बैठक की जानकारी मंत्री गोयल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा की।
2030 तक भारत-UK व्यापार का क्या लक्ष्य है?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत-यूके सीईओ फोरम में विश्वास जताया था कि 2030 तक दोनों देशों का द्विपक्षीय व्यापार लगभग 56 अरब डॉलर से दोगुना किया जाएगा। यही लक्ष्य वर्तमान उच्च-स्तरीय वार्ताओं की प्रमुख प्रेरणा है।
भारत के एफटीए नेटवर्क में कितने देश और समझौते शामिल हैं?
वर्तमान में भारत 38 देशों के साथ 9 एफटीए के माध्यम से जुड़ा है। इनमें यूएई, ऑस्ट्रेलिया, ईएफटीए, यूके, ओमान, न्यूजीलैंड और यूरोपीय संघ के साथ हाल के समझौते शामिल हैं।
भारत के एफटीए साझेदारों के साथ व्यापार में कितनी वृद्धि हुई है?
एक रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2020-21 से 2024-25 के बीच भारत का एफटीए साझेदार देशों के साथ व्यापार 92 प्रतिशत बढ़ा है। यह शेष विश्व के साथ हुई 41.5 प्रतिशत वृद्धि से कहीं अधिक है।
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