भारतीय रेलवे के प्रोबेशनरी अधिकारियों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से महत्वपूर्ण बातचीत की
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नई दिल्ली, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय रेलवे के प्रोबेशनरी अधिकारियों और केंद्रीय इंजीनियरिंग सेवा (सड़कें) के सहायक कार्यकारी इंजीनियरों ने राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से संवाद किया। यह जानकारी राष्ट्रपति भवन ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर साझा की।
राष्ट्रपति भवन के आधिकारिक 'एक्स' अकाउंट से सूचित किया गया कि भारतीय रेलवे के प्रोबेशनरी अधिकारियों और केंद्रीय इंजीनियरिंग सेवा (सड़कें) के सहायक कार्यकारी इंजीनियरों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की। राष्ट्रपति ने कहा कि रेलवे और राजमार्ग केवल परिवहन के साधन नहीं हैं, बल्कि ये आर्थिक विकास, सामाजिक समावेश और राष्ट्रीय एकता के साधन हैं। राष्ट्रपति ने अधिकारियों से अनुरोध किया कि वे लोक सेवा के मूल्यों जैसे कि सत्यनिष्ठा, जवाबदेही और उत्कृष्टता को बनाए रखें।
सोमवार को दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग और उनकी पत्नी किम हे-क्युंग राष्ट्रपति भवन पहुंचे। इस अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत किया।
इससे पहले 16 अप्रैल को ऑस्ट्रिया के संघीय चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की थी। इस दौरान भारत-ऑस्ट्रिया संबंधों को और मजबूत करने और विज्ञान, प्रौद्योगिकी तथा नवाचार के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई थी।
राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और ऑस्ट्रिया ज्ञान-आधारित अर्थव्यवस्थाएं हैं और विज्ञान, प्रौद्योगिकी तथा नवाचार के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने की अपार संभावनाएं हैं। दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि यह यात्रा भारत और ऑस्ट्रिया के बीच द्विपक्षीय संबंधों के सभी महत्वपूर्ण आयामों को गति प्रदान करेगी। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि भारत और ऑस्ट्रिया के बीच लोकतंत्र और कानून के शासन जैसे साझा मूल्यों पर आधारित घनिष्ठ और मित्रवत संबंध हैं।