क्या जम्मू-कश्मीर के रियासी में बादल फटने से एक ही परिवार के 7 लोगों की मौत हो गई?

सारांश
Key Takeaways
- बादल फटने से एक ही परिवार के सात लोगों की जान चली गई।
- स्थानीय विधायक ने घटना पर दुख व्यक्त किया।
- रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।
- सरकार राहत कार्यों में मदद करेगी।
- यह घटना प्राकृतिक आपदाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाती है।
रियासी, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में शुक्रवार रात एक दुखद घटना हुई है। यहां बादल फटने के कारण एक ही परिवार के सात लोगों की जान चली गई।
यह घटना रियासी के माहौर क्षेत्र में हुई। बताया गया है कि शुक्रवार रात एक परिवार अपने घर में सो रहा था। इस बीच बादल फटने से मलबा उनके घर पर गिर पड़ा, जिससे परिवार के सदस्य दब गए। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय निवासियों ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और सभी शवों को बाहर निकाला।
स्थानीय विधायक माहौर मोहम्मद खुर्शीद ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा, "यह एक बहुत ही दुखद घटना है। मैंने इतनी तेज बारिश और तूफान पहले कभी नहीं देखा। मेरे क्षेत्र में एक घर शुक्रवार रात बादल फटने की चपेट में आ गया था, जिसमें नजीर अहमद (लगभग 37 वर्ष) और उनकी पत्नी वजीरा बेगम (लगभग 35 वर्ष) के साथ उनके पांच बच्चे सो रहे थे।"
उन्होंने आगे बताया, "इस दौरान रात में भीषण बारिश हुई और बादल फट गया। बादल फटने के बाद का मलबा उनके मकान पर गिर गया। इस हादसे में सात लोगों की जान चली गई। सुबह से ही रेस्क्यू ऑपरेशन जारी रहा और सभी शव मलबे से निकाले गए।"
खुर्शीद ने कहा, "इस हादसे में बहुत बड़ा नुकसान हुआ है। इस पर जितना भी दुःख व्यक्त किया जाए, वो कम है। हादसे में जान गंवाने वाले लोग बहुत गरीब थे और रात में सोते हुए उनकी मृत्यु हो गई। मैं घटनास्थल पर पहुंचने की कोशिश कर रहा हूं, लेकिन भारी बारिश के कारण सभी रास्ते बंद हैं। भदौरा पुल बह गया है और सभी सड़कें बंद हैं। हम सरकार से सहायता दिलाने के लिए पुरजोर कोशिश करेंगे और राहत कार्यों को तेज करेंगे। उनके परिवार में कोई जीवित नहीं बचा, लेकिन जो भी रिश्तेदार होंगे, उनसे संपर्क करेंगे।