क्या जापान में प्रवासी भारतीयों ने पीएम मोदी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी को बर्दाश्त नहीं किया?

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क्या जापान में प्रवासी भारतीयों ने पीएम मोदी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी को बर्दाश्त नहीं किया?

सारांश

जापान में प्रवासी भारतीयों ने बिहार के दरभंगा में पीएम मोदी के खिलाफ की गई अभद्र टिप्पणी की निंदा की है। उनका मानना है कि मोदी ने पिछले 11 वर्षों में देशहित में जो कार्य किए हैं, उसे विपक्षी दल नहीं पचा पा रहे हैं। जानिए इस मुद्दे पर उनके विचार।

Key Takeaways

  • पीएम मोदी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियाँ बर्दाश्त नहीं की जा सकतीं।
  • प्रवासी भारतीय मोदी के कार्यों का समर्थन करते हैं।
  • जापान में भारतीयों को मोदी के कारण सम्मान मिला है।
  • अभद्र भाषा का उपयोग करना गलत है।
  • मोदी सरकार के कार्यकाल की सराहना की जा रही है।

टोक्यो, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के दरभंगा में 'वोटर अधिकार यात्रा' के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अभद्र टिप्पणी की गई। इसके खिलाफ देश में ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी लोग खुलकर अपनी आवाज उठा रहे हैं। जापान के कुछ प्रवासी भारतीयों का मानना है कि पीएम मोदी ने बीते 11 वर्षों में जो देशहित में कार्य किए हैं, उन्हें विपक्षी दल स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।

दरभंगा में जिस प्रकार से पीएम मोदी के खिलाफ भाषा की मर्यादा को तोड़ा गया, उसे लेकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नाराजगी दिखाई दे रही है।

मूल रूप से मंगलौर के निवासी एनआरआई सदाशिव शेट्टी ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में इस घटना की कड़ी निंदा की।

उन्होंने कहा, पीएम मोदी देशहित में कार्य कर रहे हैं। जापान में आज जो सम्मान हमें मिल रहा है, उसके पीछे पीएम मोदी का महत्वपूर्ण योगदान है। क्योंकि, हम यहां पर 20 वर्षों से रह रहे हैं, लेकिन इससे पहले इतना सम्मान नहीं मिला। हमें गर्व होता है कि हमारे पास ऐसा नेतृत्व है, जिसका डंका विश्वभर में बज रहा है।

शेट्टी ने कहा कि यहां (जापान में) पहले भारत के प्रधानमंत्री का नाम भी लोगों को नहीं पता था। लेकिन, जब से पीएम मोदी ने कमान संभाली है, तब से जापान हमारे पीएम के बारे में जानने लगा है। उनके दो दिवसीय दौरे पर हमें गर्व महसूस हुआ।

अभद्र टिप्पणी पर शेट्टी ने कहा, "जब कोई अच्छा कार्य करता है तो उसके खिलाफ बोलने वाले कई लोग खड़े हो जाते हैं। पीएम मोदी देश के लिए लगातार अच्छा कार्य कर रहे हैं, इसलिए उनके खिलाफ बातें की जा रही हैं। पीएम मोदी एक संवैधानिक पद पर हैं, इसलिए उनका सम्मान होना चाहिए; अपमान की बात आप सोच भी नहीं सकते।"

प्रदीप ने बताया कि जब पीएम मोदी जापान आते हैं, तो हमें गर्व महसूस होता है। 10 वर्षों में उन्होंने भारत में काफी विकास किया है। उनके बारे में कहने के लिए मेरे पास शब्द नहीं हैं। मोदी देश के पीएम हैं, उनके खिलाफ अपशब्द कहना गलत बात है। यह किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जा सकता। आप किसी से असहमत हो सकते हैं, लेकिन किसी के खिलाफ भाषा का स्तर इतना नीचा जाना सही नहीं है।

उन्होंने मोदी सरकार के 10 वर्षों के कार्यकाल की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में बहुत विकास हुआ है।

Point of View

मैं यह कहना चाहता हूँ कि पीएम मोदी के खिलाफ की गई यह अभद्र टिप्पणी न केवल भारत के लिए अपमानजनक है, बल्कि यह हमारे संविधान और संविधानिक पदों का भी अपमान है। देश को एकजुट रहने की आवश्यकता है, और हमें अपने नेता का सम्मान करना चाहिए।
NationPress
30/08/2025

Frequently Asked Questions

जापान में प्रवासी भारतीयों का क्या कहना है पीएम मोदी के खिलाफ टिप्पणी पर?
प्रवासी भारतीयों ने पीएम मोदी के खिलाफ की गई अभद्र टिप्पणी की कड़ी निंदा की है। उनका मानना है कि मोदी ने देश के लिए बहुत काम किया है।
क्या प्रवासी भारतीयों को पीएम मोदी के कार्यों पर गर्व है?
हां, प्रवासी भारतीय पीएम मोदी के कार्यों पर गर्व महसूस करते हैं और उनका सम्मान करते हैं।