कुकी-जो काउंसिल का टीएम कासोम हत्या में संलिप्तता से इनकार: तथ्य जानें
सारांश
Key Takeaways
- कुकी-जो काउंसिल ने हत्या में संलिप्तता से इनकार किया।
- मीडिया रिपोर्ट्स को निराधार बताया गया।
- घटना कुछ गुटों के बीच तनाव से जुड़ी है।
- सत्यापन के बिना आरोप लगाना गलत है।
- तथ्यों की जांच का महत्व है।
इंफाल, १८ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। कुकी-जो काउंसिल (केजेडसी) ने उखरुल जिले के टीएम कासोम गांव में हुई हत्या की घटना में कुकी-जो समुदाय की संलिप्तता को स्पष्ट रूप से नकारा है।
शनिवार को जारी एक बयान में केजेडसी ने कहा कि कुछ मीडिया रिपोर्टों में कुकी उग्रवादियों की भूमिका का आरोप लगाया जा रहा है, जो पूरी तरह से निराधार है। परिषद ने स्पष्ट किया है कि इस घटना में किसी भी कुकी-जो व्यक्ति या समूह का कोई संबंध नहीं है।
केजेडसी के अनुसार, स्थानीय जानकारी के आधार पर यह घटना कुछ गुटों के बीच चल रहे तनाव से संबंधित प्रतीत होती है, न कि किसी कुकी-जो संगठन की कार्रवाई है।
बयान में कहा गया, “यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि बिना उचित सत्यापन और ठोस सबूत के कुकी-जो समुदाय पर आरोप लगाए जाते हैं।”
परिषद ने यह भी कहा कि मणिपुर में जब भी मैतेई या नागा समुदाय से जुड़ी कोई घटना होती है, तो अक्सर कुकी-जो समुदाय को गलत तरीके से दोषी ठहराया जाता है। इससे न केवल तथ्यों का विक distortion होता है, बल्कि समुदाय की छवि भी प्रभावित होती है।
केजेडसी ने सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं, मीडिया संस्थानों, नागरिक संगठनों और प्रशासन से अपील की है कि किसी भी समुदाय पर आरोप लगाने या खबर प्रकाशित करने से पहले तथ्यों की पूरी जांच करें और जिम्मेदारी से कार्य करें।
परिषद ने दोहराया कि इस घटना में कुकी-जो समुदाय की कोई भूमिका नहीं है और सभी संबंधित पक्षों से अफवाहें फैलाने से बचने की अपील की है।