26 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या कुमारस्वामी ने कर्नाटक सरकार पर शराब दुकान लाइसेंस के जरिए वसूली का आरोप लगाया?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या कुमारस्वामी ने कर्नाटक सरकार पर शराब दुकान लाइसेंस के जरिए वसूली का आरोप लगाया?

सारांश

कुमारस्वामी ने कर्नाटक सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं कि वह शराब दुकान लाइसेंस के जरिए वसूली कर रही है। क्या यह राज्य के खजाने को भरने का एक तरीका है? जानें इस विवाद का पूरा मामला और कुमारस्वामी की अन्य चिंताएं।

मुख्य बातें

कुमारस्वामी का आरोप कर्नाटक सरकार पर वसूली का है।
शराब दुकान लाइसेंस शुल्क 1.95 करोड़ रुपये है।
सरकार गारंटी योजनाओं के लिए धन जुटा रही है।
कुमारस्वामी ने गृह लक्ष्मी योजना पर भी सवाल उठाया।
राज्य में विकास ठप होने का आरोप।

बेंगलुरु, 25 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। केंद्रीय भारी उद्योग एवं इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने गुरुवार को कर्नाटक सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि राज्य सरकार शराब की दुकानों के लाइसेंस के नाम पर वसूली कर रही है। उनका कहना है कि यह कदम गारंटी योजनाओं के लिए धन जुटाने और खाली हो चुके राज्य के खजाने को भरने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।

दावणगेरे में दिवंगत पूर्व मंत्री शमनूर शिवशंकरप्पा के स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद मीडिया से बातचीत में कुमारस्वामी ने कहा कि राज्य सरकार ने एक शराब दुकान के लाइसेंस शुल्क को 1.95 करोड़ रुपये तय किया है।

उन्होंने सवाल किया, “क्या यह लूट नहीं है? सरकार खुद लोगों को शराब पीने के लिए प्रोत्साहित कर रही है और इसी तरह हर विभाग में लूट मचाई जा रही है।”

कुमारस्वामी ने आरोप लगाया कि अनुसूचित जाति उपयोजना (एससीएसपी) और जनजातीय उपयोजना (टीएसपी) सहित कई योजनाओं के लिए निर्धारित धन और अनुदानों का दुरुपयोग किया जा रहा है।

उन्होंने कहा, “जितना संभव हो सके, राज्य के खजाने को लूटा जा रहा है। शराब दुकान की नीलामी के जरिए वसूली करना राज्य सरकार की ओर से लोगों को दिया गया नया साल का तोहफा है।”

कुमारस्वामी ने ‘गृह लक्ष्मी’ योजना के तहत महिलाओं के बैंक खातों में डाले जाने वाले 5,000 करोड़ रुपये के मुद्दे पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने अब तक इस बारे में जनता को कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है।

उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री खुद कहते हैं कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है। रिकॉर्ड संख्या में बजट पेश करने के बावजूद उन्हें यह नहीं पता कि उनके अपने विभाग में क्या हो रहा है या पैसा कहां गया। ऐसा ‘आर्थिक विशेषज्ञ’, जो सबसे ज्यादा बजट पेश करने का दावा करता हो, दुनिया में कहीं नहीं मिलेगा।”

कुमारस्वामी ने आगे आरोप लगाया कि राज्य में विकास पूरी तरह ठप हो गया है। उन्होंने कहा, “ढाई साल से सरकार केवल गारंटी योजनाओं के नाम पर प्रशासन चला रही है। सड़कों की हालत इस प्रशासन की स्थिति को दर्शाती है। मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री सत्ता के बंटवारे को लेकर आपसी खींचतान में समय बर्बाद कर रहे हैं। जनता उन्हें माफ नहीं करेगी।”

इससे पहले कुमारस्वामी ने दिवंगत पूर्व कांग्रेस मंत्री शमनूर शिवशंकरप्पा के स्मारक पर श्रद्धांजलि दी। बाद में उन्होंने शिवशंकरप्पा के आवास जाकर उनके पुत्र और मंत्री एस.एस. मल्लिकार्जुन से मुलाकात की और शोक संवेदना व्यक्त की। इस दौरान परिवार के अन्य सदस्य भी मौजूद थे।

पूर्व मंत्री एस.ए. महेश, विधान परिषद सदस्य एस.एल. भोजेगौड़ा, पूर्व एमएलसी एच.एम. रमेश गौड़ा सहित अन्य नेता भी कुमारस्वामी के साथ थे।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कुमारस्वामी ने किस सरकार पर आरोप लगाया?
कुमारस्वामी ने कर्नाटक सरकार पर आरोप लगाया है।
क्या आरोप है कि सरकार शराब दुकान के लाइसेंस के जरिए वसूली कर रही है?
कुमारस्वामी का कहना है कि राज्य सरकार शराब दुकान के लाइसेंस शुल्क के माध्यम से वसूली कर रही है।
सरकार का यह कदम क्यों उठाया जा रहा है?
यह कदम गारंटी योजनाओं के लिए धन जुटाने और खजाने को भरने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।
कुमारस्वामी ने किस योजना पर सवाल उठाया?
उन्होंने 'गृह लक्ष्मी' योजना पर सवाल उठाया है।
क्या कुमारस्वामी ने विकास की स्थिति पर टिप्पणी की है?
हां, उन्होंने राज्य में विकास ठप होने का आरोप लगाया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले