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क्या अविश्वास प्रस्ताव विपक्ष का संवैधानिक अधिकार है, लेकिन कांग्रेस की तैयारी अधूरी है? : सुरेश पुजारी

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क्या अविश्वास प्रस्ताव विपक्ष का संवैधानिक अधिकार है, लेकिन कांग्रेस की तैयारी अधूरी है? : सुरेश पुजारी

सारांश

ओडिशा में कांग्रेस पार्टी भाजपा सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रही है लेकिन क्या उनकी योजना सफल होगी? सुरेश पुजारी ने इस पर अपनी राय दी है। जानिए क्या है उनके विचार और राजनीतिक परिदृश्य में यह कदम क्या मायने रखता है।

मुख्य बातें

अविश्वास प्रस्ताव विपक्ष का संवैधानिक अधिकार है।
कांग्रेस को ठोस योजना के साथ आना चाहिए।
भाजपा सरकार पारदर्शिता से काम कर रही है।
राज्य की प्रगति के लिए सच्चाई सामने आनी चाहिए।
महानदी विवाद को सुलझाने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार से संपर्क में हैं।

भुवनेश्वर, 24 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस पार्टी की ओडिशा शाखा ने राज्य में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए बीजू जनता दल (बीजद) का समर्थन प्राप्त करने की कोशिश की है। इस घटनाक्रम ने अनेक राजनीतिक चर्चाओं को जन्म दिया है।

इस पर प्रतिक्रिया देते हुए ओडिशा सरकार के राजस्व मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा, "यदि कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव लाना चाहती है, तो उन्हें ऐसा करने का पूरा अधिकार है। लेकिन, बीजद को इसमें शामिल करने की कोशिश कांग्रेस की तैयारी की कमी को दर्शाती है।"

उन्होंने कहा कि अविश्वास प्रस्ताव विपक्ष को संविधान द्वारा प्रदत्त एक अधिकार है। यदि वे चाहें, तो राज्य सरकार की वर्तमान स्थिति के खिलाफ 'अविश्वास प्रस्ताव' लाने के लिए स्वतंत्र हैं। राज्य सरकार का गठन अभी एक साल और तीन महीने पहले हुआ है। दूसरी ओर, कांग्रेस ने राज्य में 40 साल तक शासन किया है। मेरा उनके लिए एक सुझाव है कि उन्हें पूरी तैयारी के साथ अविश्वास प्रस्ताव लाना चाहिए। मुझे लगता है कि हम किसी भी प्रकार के प्रस्ताव का सामना करने के लिए तैयार हैं।

सुरेश पुजारी ने ठोस योजना की कमी के लिए कांग्रेस की आलोचना की और आरोप लगाया कि पार्टी वास्तविक विधायी कार्रवाई के बजाय नाटकबाजी का सहारा ले रही है। उन्होंने चेतावनी दी, "हम विधानसभा में किसी भी प्रस्ताव का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। लेकिन यदि कांग्रेस चाहती है कि उसे गंभीरता से लिया जाए, तो उसे ठोस तथ्य और तर्क प्रस्तुत करने चाहिए। अन्यथा, इसका उल्टा असर होगा।"

उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सरकार पारदर्शी तरीके से काम कर रही है और पिछले एक साल में ओडिशा के विकास के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। पुजारी ने जोर देकर कहा, "विधानसभा में इस पर बहस होनी चाहिए। ओडिशा की जनता को यह तय करने दीजिए कि राज्य की प्रगति के लिए कौन सचमुच काम कर रहा है।"

छत्तीसगढ़ के साथ महानदी विवाद पर मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा कि ओडिशा और छत्तीसगढ़ के बीच जल विवाद को सुलझाने के लिए हम छत्तीसगढ़ सरकार के संपर्क में हैं। हमारे मुख्यमंत्री भी केंद्र सरकार के संपर्क में हैं और पिछले डेढ़ साल से हम महानदी में पानी छोड़े जाने के संबंध में छत्तीसगढ़ के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में हैं, जिसमें एक राज्य से दूसरे राज्य में पानी के प्रवाह को नियंत्रित करने वाले नियमों को ध्यान में रखा जाता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

कांग्रेस का अविश्वास प्रस्ताव लाना एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। हालांकि, सुरेश पुजारी की टिप्पणी यह दर्शाती है कि विपक्ष की तैयारी और योजना पर सवाल उठते हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या कांग्रेस अपनी रणनीति में सुधार कर पाती है।
RashtraPress
29 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव क्यों लाना चाहती है?
कांग्रेस का उद्देश्य भाजपा सरकार की नीतियों और प्रदर्शन पर सवाल उठाना है, ताकि वे अपनी राजनीतिक ताकत को पुनः प्राप्त कर सकें।
सुरेश पुजारी का क्या कहना है?
सुरेश पुजारी ने कांग्रेस की तैयारी पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें ठोस तथ्य और तर्क प्रस्तुत करने चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
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