9 नवंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या बिहार में चुनाव आयोग के जरिए मिनी एनआरसी लागू किया जा रहा है? : राजद विधायक मोहम्मद नेहालुद्दीन

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या बिहार में चुनाव आयोग के जरिए मिनी एनआरसी लागू किया जा रहा है? : राजद विधायक मोहम्मद नेहालुद्दीन

सारांश

राजद विधायक मोहम्मद नेहालुद्दीन ने बिहार में वोटर लिस्ट पुनरीक्षण प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने इसे मिनी एनआरसी लागू करने की कोशिश बताया है। क्या ये आरोप सही हैं? जानें पूरी कहानी में!

मुख्य बातें

मिनी एनआरसी लागू करने के आरोप वोटर लिस्ट में नाम काटने की प्रक्रिया निष्पक्ष चुनाव की आवश्यकता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना राजद की चुनावी रणनीति

नई दिल्ली, 19 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के विधायक मोहम्मद नेहालुद्दीन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ एक विवादित बयान दिया है। उन्होंने बिहार की वोटर लिस्ट पुनरीक्षण प्रक्रिया का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य में अधिकतर लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटा दिए जा रहे हैं, और इसे एक प्रकार से मिनी एनआरसी लागू करने के रूप में देखा जा रहा है।

उन्होंने आगे कहा कि अगर बिहार में निष्पक्ष चुनाव कराए गए और इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में कोई धांधली नहीं हुई, तो इंडिया ब्लॉक (महागठबंधन) की सरकार बनेगी और तेजस्वी यादव बिहार के अगले मुख्यमंत्री बन सकते हैं।

शनिवार को राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए राजद विधायक ने कहा कि 2020 के विधानसभा चुनाव में जदयू-भाजपा ने बेईमानी से सरकार बनाई थी। इस बार यदि चुनाव निष्पक्ष हुए और ईवीएम में कोई गड़बड़ी नहीं हुई, तो हमारी सरकार बनना तय है।

मोहम्मद नेहालुद्दीन ने पीएम मोदी के नेतृत्व में 2024 के लोकसभा चुनाव का भी जिक्र किया और सवाल उठाया कि यदि उस समय चुनाव सही थे, तो विधानसभा चुनाव में वोटर पर संदेह क्यों उत्पन्न हुआ।

उन्होंने कहा कि बिहार में बहुत से लोगों के नाम वोटर लिस्ट से काटे जा रहे हैं, जिसे मिनी एनआरसी के रूप में देखा जा रहा है। आयोग द्वारा मांगे गए 11 दस्तावेजों को प्रस्तुत करना संभव नहीं है। मैं खुद नहीं दे सकता, तो बिहार की गरीब जनता कैसे देगी? यह स्पष्ट है कि भाजपा के इशारे पर चुनाव आयोग गरीबों, दलितों और वंचितों के वोट को लिस्ट से हटाने की साजिश कर रहा है।

राजद विधायक ने कहा कि बिहार में चुनाव आयोग के माध्यम से मिनी एनआरसी लागू किया जा रहा है। आयोग की ओर से संविधान और लोकतंत्र को खतरे में डाला जा रहा है। यह एक बड़ी साजिश है।

पीएम मोदी की मोतिहारी जनसभा पर उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को यह बताना चाहिए कि पिछले 11 वर्षों में किए गए वादों में से कितने पूरे हुए हैं। उन्होंने महंगाई और कानून व्यवस्था पर भी चिंता व्यक्त की।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार नीतीश कुमार और चंद्रबाबू नायडू के सहारे चल रही है। यदि दोनों ने हाथ खींचा, तो सरकार गिर जाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन आरोपों का आधार क्या है, यह समझना और भी आवश्यक है। निष्पक्षता और पारदर्शिता के लिए हर राजनीतिक दल को एकजुट होकर काम करना चाहिए।
RashtraPress
9 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या बिहार में मिनी एनआरसी लागू किया जा रहा है?
राजद विधायक मोहम्मद नेहालुद्दीन का आरोप है कि वोटर लिस्ट में नाम काटने की प्रक्रिया को मिनी एनआरसी के रूप में देखा जा रहा है।
राजद विधायक ने किस पर टिप्पणी की है?
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर विवादित टिप्पणी की है।
क्या बिहार में निष्पक्ष चुनाव संभव हैं?
विधायक का कहना है कि यदि चुनाव निष्पक्ष हुए और ईवीएम में कोई धांधली नहीं हुई, तो उनकी सरकार बनना तय है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 सप्ताह पहले
  2. 11 महीने पहले
  3. 11 महीने पहले
  4. 1 साल पहले
  5. 1 साल पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले