3 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या राहुल गांधी भारत विरोधी मानसिकता के साथ पैदा हुए हैं? - अनिल राजभर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या राहुल गांधी भारत विरोधी मानसिकता के साथ पैदा हुए हैं? - अनिल राजभर

सारांश

उत्तर प्रदेश के मंत्री अनिल राजभर ने राहुल गांधी की भारत विरोधी मानसिकता पर कड़ा प्रहार किया है। उन्होंने कहा कि गांधी की गुमराह मानसिकता से देश की छवि को नुकसान हो रहा है। क्या यह सच है? जानिए इस विवाद पर पूरी खबर।

मुख्य बातें

अनिल राजभर ने राहुल गांधी की भारत विरोधी मानसिकता पर सवाल उठाया।
उत्तर प्रदेश में कानून का राज होने का दावा किया गया।
राजभर ने अखिलेश यादव पर राजनीतिक आरोप लगाए।
बरेली में प्रशासन को सजग रहने की सलाह दी गई।
ओवैसी के बयान पर भी प्रतिक्रिया दी गई।

लखनऊ, 3 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री अनिल राजभर ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला करते हुए कहा कि वे भारत विरोधी मानसिकता के साथ पैदा हुए हैं।

राष्ट्र प्रेस से बातचीत में उन्होंने राहुल गांधी पर विदेशों में भारत की छवि को खराब करने और भारत विरोधी मानसिकता का आरोप लगाया।

राजभर ने कहा, "हम सभी दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश के नागरिक होने पर गर्व करते हैं। लेकिन राहुल गांधी की गुमराह मानसिकता का हम क्या करें? वे जहां भी जाते हैं, चुनाव आयोग को कटघरे में खड़ा करते हैं, सरकार की आलोचना करते हैं और सशस्त्र बलों को निशाना बनाते हैं। राहुल गांधी भारत विरोधी मानसिकता के साथ पैदा हुए हैं। वे कभी नेता नहीं बन सकते, क्योंकि उन्हें भारत भूमि से कोई लेना-देना नहीं है।"

उन्होंने यह भी कहा कि देश की जनता बार-बार राहुल गांधी को सजा दे रही है और बिहार की जनता भी उन्हें सबक सिखाएगी।

बरेली में हाई अलर्ट की स्थिति पर राजभर ने कहा, "पूरे प्रदेश में प्रशासन सजग है। ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, यह हमारी जिम्मेदारी है। दंगा करने वालों ने यदि कानून को अपने हाथ में लिया, तो सरकार सख्त कार्रवाई करेगी। सतर्कता बरतना सरकार का काम है।"

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के उत्तर प्रदेश में दलितों पर अत्याचार के दावे पर पलटवार करते हुए राजभर ने कहा, "सभी जानते हैं कि सपा की सरकार में दलितों पर अत्याचार हुए, जो किसी से छिपे नहीं हैं। अखिलेश एनसीआरबी के आंकड़ों की बात करते हैं, लेकिन उनकी सरकार में तो लोगों की एफआईआर तक दर्ज नहीं होती थी। हमारी सरकार में पीड़ितों की शिकायत दर्ज की जाती है, जांच होती है और फिर कार्रवाई होती है।"

उन्होंने यह भी दावा किया कि उत्तर प्रदेश में कानून का राज है, जिसकी दुनिया भर में प्रशंसा हो रही है। निवेशक आ रहे हैं और रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं।

राजभर ने सुझाव दिया कि अखिलेश यादव को दलितों के बीच जाकर उनकी समस्याएं समझनी चाहिए।

एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के संभल में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पर दिए बयान पर कहा, "ओवैसी को संभल में जनता द्वारा अतिक्रमण हटाने की पहल से परेशानी है। शासन के साथ जनता ने मिलकर यह कदम उठाया, लेकिन उन्हें शांति से परेशानी है।"

उन्होंने ओवैसी पर शांति भंग करने वाले बयान देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार में कानून का राज है।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि अनिल राजभर की टिप्पणियां भारतीय राजनीति में एक महत्वपूर्ण चर्चा का हिस्सा हैं। हमें राजनीतिक बयानों के पीछे के तर्क और उनके प्रभावों पर ध्यान देना चाहिए। क्या ये टिप्पणियाँ सिर्फ राजनीतिक लाभ के लिए हैं, या इनमें कोई सच्चाई है? यह सोचने का समय है।
RashtraPress
3 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अनिल राजभर ने राहुल गांधी पर क्या आरोप लगाया?
अनिल राजभर ने राहुल गांधी पर भारत विरोधी मानसिकता के साथ पैदा होने का आरोप लगाया है।
राजभर ने किस स्थिति पर बात की?
राजभर ने बरेली में हाई अलर्ट की स्थिति और प्रशासन की सजगता पर बात की।
क्या राहुल गांधी को जनता ने सजा दी है?
राजभर का कहना है कि देश की जनता बार-बार राहुल गांधी को सजा दे रही है।
राजभर ने अखिलेश यादव पर किस तरह का आरोप लगाया?
राजभर ने अखिलेश यादव की सरकार में दलितों पर अत्याचार के आरोपों को खारिज किया।
ओवैसी ने क्या बयान दिया?
ओवैसी ने संभल में अतिक्रमण हटाने के मामले में बयान दिया था, जिस पर राजभर ने पलटवार किया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. 2 महीने पहले
  3. 7 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले