क्या विपक्ष उत्तर प्रदेश के विकास में बाधा डाल रहा है? : जेपीएस राठौर
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ, 23 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश विधानसभा का शीतकालीन सत्र इस समय चल रहा है। इस अवसर पर योगी सरकार ने सोमवार को अनुपूरक बजट पेश किया है, जिस पर विपक्ष ने तीखे हमले किए हैं। यूपी सरकार के मंत्री जेपीएस राठौर ने मंगलवार को विपक्ष की नकारात्मकता पर प्रतिक्रिया दी।
मंत्री जेपीएस राठौर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, "विपक्ष का कार्य विकास में हर प्रकार की बाधा डालना और समस्याएँ उत्पन्न करना है। उन्हें यह भय है कि यदि उत्तर प्रदेश में विकास की गति तेज हुई, तो हम 2027 विधानसभा चुनाव में जनता से क्या कहेंगे। विपक्ष यह नहीं समझ रहा है कि उत्तर प्रदेश में हर दिशा में विकास हो रहा है, जो उन्हें पसंद नहीं आ रहा है। प्रदेश के विकास के लिए जितना बजट आवश्यक है, उतना हम उपलब्ध कराएँगे।"
उन्होंने आगे कहा, "विपक्ष ने प्रदेश को बीमारू राज्य में बदल दिया था। बजट का दुरुपयोग होता था। वर्तमान में बजट का सही उपयोग उस कार्य के लिए किया जा रहा है, जिसके लिए यह निर्धारित है।"
मदरसा शिक्षकों को असीमित अधिकार देने वाले बिल को वापस लेने पर मंत्री ने कहा, "क्या किसी को असीमित अधिकार मिलना चाहिए? असीमित अधिकार नहीं मिलने चाहिए। किसी को उसके आवश्यकता के अनुसार ही अधिकार मिलना चाहिए। जो लोग संविधान का हवाला देते हैं, उनसे मैं पूछना चाहता हूँ कि उन्होंने मदरसे को असीमित अधिकार देने का निर्णय क्यों लिया। सब कुछ संविधान के दायरे में होना चाहिए।"
उन्होंने बांग्लादेश की स्थिति को दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा, "एक दिन में ऐसी स्थिति नहीं बनती। इसे बनने में वर्षों लगते हैं। मैं कांग्रेस नेताओं से विनम्रता से अनुरोध करता हूँ कि वे विदेश नीति पर टिप्पणी करने से बचें। इस मुद्दे पर बात करके वे माहौल को खराब कर रहे हैं।"
उन्होंने सलाह दी, "यदि विपक्ष को विदेश नीति पर कुछ कहना है, तो वे सर्वदलीय बैठक में कहें। सार्वजनिक मंच पर इस विषय की चर्चा नहीं होनी चाहिए। इतने वर्षों तक देश पर शासन करने वाली पार्टी यदि इस तरह की बातें करती है, तो यह समझ से परे है।"