क्या 'वोट चोरी' सिर्फ वोट की नहीं, बल्कि अधिकार और भविष्य की भी चोरी है? : राहुल गांधी

सारांश
Key Takeaways
- 'वोट चोरी' केवल वोट की नहीं, अधिकारों और भविष्य की भी चोरी है।
- राहुल गांधी ने भाजपा पर गरीबों की आवाज दबाने का आरोप लगाया।
- यात्रा का समापन एक सितंबर को पटना में होगा।
- बिहार से शुरू हुई यात्रा देशभर में फैलेगी।
- लोगों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य है।
आरा, 30 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने शनिवार को अपनी 'वोटर अधिकार यात्रा' के अंतर्गत आरा में एक जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि 'वोट चोरी' का अर्थ केवल आपके वोट की चोरी नहीं है, बल्कि यह आपके अधिकारों और आपके भविष्य की भी चोरी है।
उन्होंने 'वोटर अधिकार यात्रा' में मिल रहे जन समर्थन के लिए उपस्थित सभी लोगों का धन्यवाद किया।
राहुल गांधी ने कहा, "आप सबने अपनी शक्ति को इस संविधान को, जो बाबा साहेब अंबेडकर और गांधी जी का है, बचाने में और इसकी रक्षा में लगाई है।"
उन्होंने यह भी कहा कि बिहार से कई महत्वपूर्ण क्रांतियों की शुरुआत हुई है और यहां के लोगों ने एक बार फिर यह साबित किया है। उनकी 'वोटर अधिकार यात्रा' अब पूरे देश में फैलने जा रही है।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बताया कि पहले लोगों के पास कई रास्ते थे, जैसे पब्लिक सेक्टर, लेकिन धीरे-धीरे ये सभी रास्ते आपसे छीन लिए गए हैं। भाजपा की सरकार नहीं चाहती कि गरीबों की आवाज देश में सुनाई दे।
उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि हमने स्पष्ट कर दिया है कि पूरे देश में गरीबों और युवाओं की आवाज गूंजेगी। हम बिहार में एक भी 'वोट चोरी' नहीं होने देंगे।
राहुल गांधी ने यह भी कहा कि महाराष्ट्र, हरियाणा विधानसभा और लोकसभा चुनाव में 'वोट चोरी' की गई, लेकिन बिहार के चुनाव में हम ऐसा नहीं होने देंगे।
राहुल गांधी की 'वोटर अधिकार यात्रा' में सपा प्रमुख और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी शामिल हुए। यह यात्रा शनिवार को छपरा के श्याम चौक से शुरू हुई, और इसका रात्रि विश्राम वीर कुंवर सिंह स्टेडियम आरा में होगा।
इस यात्रा का समापन एक सितंबर को पटना में होगा, जहां राहुल गांधी और तेजस्वी यादव एक पदयात्रा निकालेंगे। इस पदयात्रा में महागठबंधन के सभी नेता शामिल होंगे। बिहार के सासाराम से 'वोटर अधिकार यात्रा' 17 अगस्त को शुरू हुई है।