क्या लक्ष्मी नगर में जिम विवाद ने लिया खौफनाक रूप, परिवार पर हुआ बर्बर हमला?
सारांश
Key Takeaways
- लक्ष्मी नगर में जिम विवाद ने एक परिवार को जानलेवा हमले का शिकार बनाया।
- पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है, पर अन्य आरोपी अब भी फरार हैं।
- घटना ने समाज में बढ़ती असुरक्षा और अपराध को उजागर किया है।
नई दिल्ली, 5 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर क्षेत्र में एक जिम के संचालन को लेकर पुराना विवाद इतना खतरनाक हो गया कि दिन के उजाले में एक परिवार पर जानलेवा हमला हुआ।
पीड़ित राजेश गर्ग और उनकी पत्नी अपने घर के बेसमेंट में जिम का संचालन करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि जिम के केयरटेकर सतीश यादव ने धोखे से उनके व्यवसाय पर कब्जा करने की कोशिश की थी, जिससे दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से तनाव बना हुआ था।
सूत्रों के अनुसार, यह घटना उस दिन हुई जब राजेश गर्ग और उनकी पत्नी बेसमेंट में पानी की लीक की जांच करने गए थे। उसी समय सतीश यादव अपने साथियों के साथ वहां पहुंच गया।
आरोपियों ने पहले दंपती पर हमला किया। राजेश गर्ग को मुक्कों और लातों से पीटा गया, जबकि उनकी पत्नी के साथ कथित तौर पर छेड़छाड़ की गई और उन्हें बाल खींचकर सड़क पर धक्का दे दिया गया।
जब उनके बेटे ने मदद के लिए आवाज दी, तो हमलावरों ने उसे पकड़कर घर से बाहर घसीट लिया और उसकी बेरहमी से पिटाई की। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
पीड़ित परिवार गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस को पीसीआर कॉल मिलने पर इमरजेंसी टीम मौके पर पहुंची और घायलों को हेडगेवार अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद परिवार पुलिस स्टेशन पहुंचा, जहां उनके बयान दर्ज किए गए।
लक्ष्मी नगर थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। इसमें जानबूझकर चोट पहुंचाना, गलत तरीके से रोकना, घर में घुसकर हमला करना, महिला की गरिमा भंग करने का इरादा और सामूहिक अपराध जैसी गंभीर धाराएं शामिल हैं।
पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके अन्य साथी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश में छापेमारी जारी है। पीड़ित परिवार ने बताया कि इस हमले की बर्बरता ने उन्हें गहरे सदमे में डाल दिया है।