मैड संधू हत्याकांड: अहमदाबाद से मुख्य शूटर परमिंदर काका गिरफ्तार, गोल्डी ढिल्लों गैंग से कनेक्शन की जांच
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद सिटी क्राइम ब्रांच ने 8 अक्टूबर 2026 को परमिंदर प्रसाद उर्फ परमिंदर काका को गिरफ्तार किया है, जिस पर 3 अक्टूबर को अमृतसर में पंजाबी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और मेकअप आर्टिस्ट मैड संधू (असली नाम: मधुसूदन संधू) की हत्या करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, परमिंदर ने न केवल गोली चलाई, बल्कि हमले में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल का भी इंतजाम किया था।
गिरफ्तारी की पृष्ठभूमि
अहमदाबाद क्राइम ब्रांच के डीसीपी अजीत राजियन ने बताया कि यह गिरफ्तारी अमृतसर पुलिस से प्राप्त सूचना और पंजाब व गुजरात पुलिस टीमों के बीच समन्वय के बाद संभव हुई। आरोपी का पता अहमदाबाद में लगाया गया, जहाँ क्राइम ब्रांच ने उसे हिरासत में लिया।
राजियन ने कहा, 'उसकी भूमिका शूटर की है। उसने गोली चलाई और बाइक का भी इंतजाम किया।' उन्होंने यह भी पुष्टि की कि अमृतसर के कैंटोनमेंट पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 के तहत मामला दर्ज है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
हत्या की घटना
मधुसूदन संधू, जो सोशल मीडिया पर 'मैड संधू' के नाम से लोकप्रिय थे, को 3 अक्टूबर 2026 को अमृतसर के लोहारका रोड पर एक कार वॉश सेंटर के पास मोटरसाइकिल सवार दो हमलावरों ने गोली मारी थी। हमलावर गोली चलाने के बाद मौके से फरार हो गए।
29 वर्षीय संधू को एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चोटों के कारण उनकी मृत्यु हो गई। हत्या के तुरंत बाद पुलिस ने इलाके से सीसीटीवी फुटेज एकत्र किए और संधू की गतिविधियों व डिजिटल रिकॉर्ड की जाँच शुरू की। रिपोर्टों के अनुसार, अमृतसर पुलिस ने कॉन्ट्रैक्ट-किलिंग के एंगल की जाँच करते हुए शुरू में दो लोगों को हिरासत में भी लिया था।
गोल्डी ढिल्लों गैंग और विदेशी फंडिंग का कनेक्शन
जाँच में कथित तौर पर विदेशी फंडिंग और गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों के नेटवर्क से संभावित संबंध का पता चला है। हत्या के बाद विदेश में बैठे कुछ गैंगस्टरों के कथित सोशल मीडिया पोस्टों में जिम्मेदारी लेने के दावे किए गए थे। हालाँकि, पंजाब पुलिस ने पहले स्पष्ट किया था कि इन पोस्टों की सत्यता की पुष्टि नहीं हो सकी है। जाँचकर्ता अब परमिंदर काका की गिरफ्तारी के बाद इन कड़ियों को और गहराई से खँगाल रहे हैं।
मैड संधू: कौन थे वे
मधुसूदन संधू सोशल मीडिया पर मेकअप आर्टिस्ट के रूप में और पॉडकास्ट व डिजिटल प्लेटफॉर्म पर मेकअप तथा जेंडर से जुड़े मुद्दों पर खुलकर बात करने के लिए जाने जाते थे। इंस्टाग्राम पर उनके 2 लाख से अधिक फॉलोअर्स थे और वे पंजाबी फिल्म 'ओये भोले ओये' में भी नजर आए थे। यह मामला इसलिए भी व्यापक ध्यान खींच रहा है क्योंकि एक युवा, लोकप्रिय कॉन्टेंट क्रिएटर की संदिग्ध कॉन्ट्रैक्ट किलिंग ने पंजाब में उभर रहे गैंगस्टर-सोशल मीडिया कनेक्शन के खतरे को एक बार फिर उजागर किया है।
आगे की जाँच
परमिंदर काका की गिरफ्तारी से जाँचकर्ताओं को हत्या की पूरी साजिश, इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान और कथित कॉन्ट्रैक्ट किलिंग की फंडिंग श्रृंखला को समझने में मदद मिलने की उम्मीद है। पंजाब और गुजरात पुलिस के संयुक्त प्रयास अब मामले की जड़ तक पहुँचने की दिशा में जारी हैं।