क्या नर्मदा नदी की कृपा से मध्य प्रदेश में समृद्धि आई है? - सीएम मोहन यादव
सारांश
Key Takeaways
- नर्मदा नदी की कृपा से मध्य प्रदेश में समृद्धि आई है।
- मुख्यमंत्री ने नए साल के अवसर पर पूजा-अर्चना की।
- कृषि विकास की दर में वृद्धि हो रही है।
- राजराजेश्वरी सेवा भारती न्यास द्वारा समाज सेवा के कार्य किए जा रहे हैं।
- किसान कल्याण वर्ष के रूप में इस वर्ष का मनाया जाना।
खंडवा, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने नए वर्ष के पहले दिन नर्मदा नदी के किनारे स्थित राजराजेश्वरी मंदिर में पूजा-अर्चना और कन्या पूजन किया। उन्होंने इस अवसर पर कहा कि नर्मदा नदी की कृपा से राज्य में समृद्धि का आगमन हुआ है। साथ ही, मुख्यमंत्री यादव के बेटे और बहू की नर्मदा यात्रा भी आज समाप्त हुई।
मुख्यमंत्री यादव ने खंडवा जिले के मोरटक्का में नर्मदा नदी के तट पर स्थित राजराजेश्वरी त्रिपुर सुंदरी मंदिर में नव वर्ष के अवसर पर सपरिवार दर्शन कर पूजा अर्चना की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और प्रदेश का विकास तेजी से हो रहा है। मध्य प्रदेश में कृषि विकास की दर निरंतर बढ़ रही है। प्रदेश सरकार इस वर्ष को "किसान कल्याण वर्ष" के रूप में मनाने जा रही है।
उन्होंने आगे कहा कि नर्मदा नदी मध्य प्रदेश की जीवन रेखा है। मां नर्मदा की कृपा से हमारा प्रदेश लगातार समृद्ध हो रहा है और कृषि उत्पादन में वृद्धि हो रही है। मुख्यमंत्री यादव ने मोरटक्का में राजराजेश्वरी सेवा भारती न्यास द्वारा समाज सेवा में की जा रही गतिविधियों की सराहना की। उन्होंने वहां उपस्थित माताओं और बच्चों के लिए पोषण आहार सामग्री वितरित की।
सीएम ने उपस्थित महिलाओं से चर्चा कर आरोग्य केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी हासिल की। इस अवसर पर उन्होंने राजराजेश्वरी सेवा भारती न्यास द्वारा निर्मित वेद विद्यालय के निर्माणाधीन भवन का अवलोकन भी किया। कार्यक्रम के अंतर्गत कन्या-पूजन कर बालिकाओं को उपहार भी प्रदान किए गए। वहीं, विवाह के बाद सीएम यादव के पुत्र अभिमन्यु और पुत्रवधू इशिता ने नर्मदा यात्रा का आरंभ किया था, जो आज समाप्त हुई। यह यात्रा 15 दिन चली।