क्या मध्य प्रदेश सरकार का लक्ष्य समृद्ध किसान-समृद्ध प्रदेश है? : सीएम मोहन यादव
सारांश
Key Takeaways
- 2026 को किसान कल्याण वर्ष मनाया जाएगा।
- संकल्प से समाधान अभियान-वन 12 जनवरी से 31 मार्च तक चलेगा।
- सभी सरकारी कार्यालयों में प्रातः 10 बजे से कार्य प्रारंभ होगा।
- केंद्र सरकार के साथ समन्वय आवश्यक है।
- रास्ते, अस्पताल, और सिंचाई परियोजनाओं के लिए दस्तावेजीकरण होगा।
भोपाल, 7 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि राज्य के लिए बीता साल 2025 औद्योगिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रहा है, और वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है। सरकार का लक्ष्य है समृद्ध किसान-समृद्ध प्रदेश।
मुख्यमंत्री यादव ने राज्य के प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक की और पिछले दो वर्षों की उपलब्धियों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि 2025 उद्योग विकास के लिए सफल वर्ष रहा है। 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जाएगा। हमारा लक्ष्य है समृद्ध किसान-समृद्ध प्रदेश।
यह कार्यक्रम राज्य सरकार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होगा, जिसमें 15 से अधिक विभागों का संयुक्त प्रयास शामिल होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड काल के दौरान राज्य के सरकारी कार्यालयों में पांच दिवसीय सप्ताह की व्यवस्था लागू की गई है। इस व्यवस्था को सफल बनाने के लिए कार्यालय का समय बढ़ाना आवश्यक है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सरकारी कार्यालयों में प्रातः 10 बजे से कार्य प्रारंभ हो। इसके लिए बायोमेट्रिक और अन्य तकनीकी प्रणालियों का उपयोग किया जाएगा। इससे कार्य निष्पादन में सुधार होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार विकास और जनकल्याण गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित कर रही है। सभी विभाग प्रमुख संबंधित केंद्रीय मंत्रालयों के संपर्क में रहेंगे। राज्य की प्रगति और योजनाओं के कार्यान्वयन में आ रही समस्याओं को समय पर केंद्र शासन को सूचित करना आवश्यक है। इससे प्रदेश में विकास और जनकल्याण गतिविधियों का संचालन बेहतर होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में आगामी पांच वर्षों की कार्य योजना तैयार की जा रही है और तीन वर्षों के बजट अनुमान की व्यवस्था भी बनाई जा रही है। सड़क, अस्पताल, सिंचाई परियोजनाओं और सार्वजनिक भवन निर्माण की योजनाओं का दस्तावेजीकरण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि 12 जनवरी से 31 मार्च तक "संकल्प से समाधान अभियान-वन" आरंभ किया जाएगा, जो 106 प्रमुख हितग्राहीमूलक योजनाओं पर केंद्रित होगा। जिला प्रशासन यह सुनिश्चित करेगा कि शिविरों में प्राप्त सभी आवेदनों का निपटान 31 मार्च 2026 तक हो।
अभियान के पहले चरण में 12 जनवरी से 15 फरवरी 2026 तक घर-घर जाकर आवेदन प्राप्त किए जाएंगे। दूसरे चरण में 16 फरवरी से 16 मार्च 2026 तक क्लस्टर स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे। तीसरे चरण में 16 मार्च से 26 मार्च तक ब्लॉक स्तर पर अनिराकृत शेष आवेदन और शिकायतों का निपटान किया जाएगा। चतुर्थ चरण 26 मार्च से 31 मार्च 2026 तक जिला स्तर पर शिविरों का आयोजन करेगा।
-- राष्ट्र प्रेस
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