क्या महाराष्ट्र में 16 जनवरी के बाद बांग्लादेशियों के खिलाफ विशेष अभियान चलेगा?
सारांश
Key Takeaways
- महाराष्ट्र में बांग्लादेशियों के खिलाफ अभियान शुरू होगा।
- भाजपा ने अवैध प्रवासियों की पहचान का निर्णय लिया है।
- मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पहले ही 2.24 लाख फर्जी जन्म प्रमाण पत्र रद्द किए हैं।
- ममता बनर्जी और ओवैसी पर करारे हमले किए गए हैं।
- इस अभियान का चुनावी राजनीति पर प्रभाव पड़ सकता है।
मुंबई, 10 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और भाजपा नेता नितेश राणे के बाद भाजपा नेता किरीट सोमैया ने चेतावनी दी है कि 16 जनवरी के बाद राज्य में अवैध रूप से रहने वाले बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। भाजपा नेता ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी निशाना साधा।
किरीट सोमैया ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "ममता बनर्जी बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्याओं पर कोई चिंता नहीं दिखातीं। आने वाले विधानसभा चुनावों से पहले उनको वोटबैंक दिखता है। उनके वोट बैंक में बांग्लादेशी मूल के लोग शामिल हैं। यह सब कुछ बाहर आता, इसलिए वह किसी भी हालत में कोई जांच आगे चलने नहीं देना चाहतीं।"
भाजपा नेता ने कहा कि बांग्लादेशियों को बड़ी संख्या में पश्चिम बंगाल और असम में बसाया गया। आज इन राज्यों में बांग्लादेशी नागरिक लीडरशिप तय करते हैं।
किरीट सोमैया ने कहा, "महाराष्ट्र पहला राज्य है जहां मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बांग्लादेशी नागरिकों के 2.24 लाख फर्जी जन्म प्रमाण पत्र रद्द किए। चुनाव खत्म होने के बाद 16 जनवरी के बाद एक खास अभियान चलाया जाएगा ताकि उनमें से हर एक की पहचान की जा सके और बांग्लादेशी नागरिकों को देश से निकाला जा सके। इस अभियान में खास तौर पर उन फर्जी दस्तावेज (आधार कार्ड, राशन कार्ड, वोटर आईडी कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र) की जांच की जाएगी जिनका उन्होंने इस्तेमाल किया था।"
किरीट सोमैया ने एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा, "ओवैसी की पार्टी कह रही है कि वे मुंबई को एक मुस्लिम शहर बनाना चाहते हैं। वे चाहते हैं कि मुंबई में अहम पद पठान, खान या बुर्का पहनने वाले लोगों को मिलें। उद्धव ठाकरे की बांद्रा की उम्मीदवार बुर्का पहनकर प्रचार करती हैं। उनका मकसद मुसलमानों के बीच कट्टरता और चरमपंथ को बढ़ावा देना है।"
उन्होंने कहा कि मुंबई में 1947 में 8.8 प्रतिशत मुस्लिम आबादी थी। आज 24.8 प्रतिशत आबादी है। किरीट सोमैया ने कहा, "भारतीय जनता पार्टी बांग्लादेशी नागरिकों को वापस भेजने के मामले में कोई समझौता बर्दाश्त नहीं करेगी।"