महात्मा फुले की 200वीं जयंती: मोदी सरकार के संकल्प में गूंजते हैं उनके विचार
सारांश
Key Takeaways
- महात्मा फुले का योगदान शिक्षा और समानता के लिए अभूतपूर्व रहा है।
- उनकी 200वीं जयंती पर कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।
- महात्मा फुले ने वंचितों और महिलाओं के उत्थान के लिए प्रयास किए।
- उनके विचार आज भी हमारे लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
- मोदी सरकार के संकल्प में उनके विचारों की गूंज सुनाई देती है।
नई दिल्ली, 11 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। समाज सुधारक, विचारक और नारी शिक्षा के पथप्रदर्शक महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती आज मनाई जा रही है। इस विशेष अवसर पर लोकसभा स्पीकर ओम बिरला और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित अन्य प्रमुख नेताओं ने महात्मा फुले को श्रद्धांजलि दी और समाज में समानता एवं न्याय की दिशा में उनके उत्कृष्ट योगदान को याद किया।
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने महात्मा ज्योतिबा फुले को एक महान समाज सुधारक और युगदृष्टा बताते हुए उन्हें नमन किया। बिरला ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में लिखा, "महात्मा फुले ने शिक्षा को समाज में सकारात्मक परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम बना दिया। उन्होंने वंचितों, शोषितों और महिलाओं के लिए नए अवसरों के द्वार खोले। उनके संघर्ष ने भारत की सामाजिक चेतना को एक नई दिशा दी।"
उन्होंने आगे लिखा, "समानता, न्याय और मानव गरिमा के मूल्यों पर आधारित समाज की उनकी परिकल्पना आज भी हमारे लिए प्रेरणास्त्रोत है। महात्मा फुले जी के विचार, संघर्ष और आदर्श आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करते रहेंगे।"
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने पोस्ट में लिखा, "महान समाज सुधारक और शिक्षाविद् महात्मा ज्योतिबा फुले को उनकी जयंती पर सादर नमन। उन्होंने समाज सुधार के लिए शिक्षा को सबसे प्रभावी साधन माना और महिलाओं की शिक्षा के लिए अभूतपूर्व कार्य किए। उन्होंने 'सत्यशोधक समाज' की स्थापना कर समाज में समानता और न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।"
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 'एक्स' पर लिखा, "मैं महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन करता हूं। वे शिक्षा और समता पर जोर देते थे। आज मोदी सरकार के 'सबका साथ, सबका विकास' और 'अंत्योदय' के संकल्प में महात्मा फुले के विचारों की गूंज सुनाई देती है।"
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी ज्योतिबा फुले की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
सीएम योगी ने उनके योगदान को याद करते हुए लिखा, "ज्योतिबा फुले ने हमें सिखाया कि समाज तब आगे बढ़ता है, जब हर व्यक्ति को शिक्षा, सम्मान और अवसर मिले। उनके संघर्ष ने लाखों लोगों के जीवन में नई रोशनी लायी। आइए, उनके विचारों को आगे बढ़ाते हुए एक समतामूलक और जागरूक समाज के निर्माण का संकल्प लें।"
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री धामी ने कहा, "महान समाज सुधारक, नारी शिक्षा के अग्रदूत और सामाजिक समानता के प्रबल समर्थक महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती पर कोटिशः नमन। आपका संपूर्ण जीवन समाज के वंचित, शोषित और पीड़ित वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित रहा। आपके विचार हमें सदैव समतामूलक समाज बनाने की प्रेरणा देंगे।"