धार सड़क हादसे में मृतकों की संख्या 16 हुई, 4 और मजदूरों ने इलाज के दौरान तोड़ा दम; सामूहिक अंतिम संस्कार
सारांश
Key Takeaways
मध्य प्रदेश के धार जिले में हुए दर्दनाक सड़क हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है। 30 अप्रैल 2026 को अधिकारियों ने पुष्टि की कि चार और घायल मजदूरों ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। गुरुवार को सभी 16 मृतकों का सामूहिक अंतिम संस्कार कर दिया गया।
हादसे का घटनाक्रम
यह दुर्घटना मंगलवार को तिरला थाना क्षेत्र में उस समय हुई जब घाटाबिल्लोद से आ रही एक पिकअप गाड़ी एक होटल के पास अनियंत्रित होकर पलट गई। गाड़ी में महिलाओं और बच्चों समेत करीब 46 मजदूर सवार थे। बताया जा रहा है कि वाहन अचानक गलत दिशा में चला गया और फिर पलट गया।
हादसा इतना भीषण था कि 12 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी। इसके बाद 4 और घायलों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया, जिससे कुल मृतक संख्या 16 पर पहुँच गई। हादसे के तुरंत बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और एंबुलेंस की मदद से घायलों को धार के जिला भोज अस्पताल पहुँचाया गया।
घायलों की स्थिति
अधिकारियों के मुताबिक, जिला भोज अस्पताल में 13 घायलों का इलाज जारी है। 6 लोग एक निजी अस्पताल में भर्ती हैं, जबकि 9 गंभीर घायलों को बेहतर उपचार के लिए इंदौर रेफर किया गया है। एक के बाद एक घायलों के पहुँचने से अस्पताल का माहौल तनावपूर्ण बना रहा।
सरकार की प्रतिक्रिया और राहत
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मृतकों के परिजनों को ₹4-4 लाख की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया है। गंभीर रूप से घायलों को ₹1-1 लाख और मामूली रूप से घायल लोगों को ₹50-50 हजार दिए जाएँगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस हादसे पर गहरा दुख जताया और मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने बताया कि प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से मृतकों के परिजनों को ₹2-2 लाख और घायलों को ₹50-50 हजार की अतिरिक्त सहायता दी जाएगी।
जाँच और आगे की कार्रवाई
धार जिला प्रशासन ने कहा है कि हादसे के कारणों की विस्तृत जाँच की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं को रोका जा सके। गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में ओवरलोडेड वाहनों से जुड़ी सड़क दुर्घटनाएँ लगातार चिंता का विषय बनी हुई हैं। यह हादसा उस गंभीर सवाल को फिर उठाता है कि प्रवासी मजदूरों को असुरक्षित और अत्यधिक भरे वाहनों में ढोने की प्रथा पर अंकुश क्यों नहीं लग पा रहा।