मध्य प्रदेश: ओवरलोड ट्रक के पलटने से एक की मौत, 36 घायल
सारांश
Key Takeaways
- ओवरलोडिंग और लापरवाही से ड्राइविंग सड़क सुरक्षा के लिए खतरा है।
- दुर्घटना में एक की मौत और 36 लोग घायल हुए।
- घायलों में से 14 की हालत गंभीर है।
- स्थानीय प्रशासन ने सहायता प्रदान करने के लिए कदम उठाए हैं।
- पुलिस मामले की जांच कर रही है।
भोपाल/खंडवा, 10 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में शुक्रवार को एक भयानक सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई और 36 लोग घायल हो गए। घायलों में से 14 की स्थिति गंभीर बताई जा रही है। यह हादसा तब हुआ, जब पुनासा चौकी क्षेत्र के अंतर्गत दुदगांव के समीप मूंदी-सनावद मार्ग पर लगभग 40 यात्रियों को लेकर चल रहा एक तेज रफ्तार ट्रक पलट गया।
मृतक की पहचान 60 वर्षीय बाबूलाल के रूप में हुई है, जो तलवाड़िया गांव के निवासी थे। गुर्जर समुदाय के सभी पीड़ित ठुकरा देवला गांव में एक पारंपरिक 'ममेरा' समारोह (शादी से संबंधित एक रिवाज) से लौट रहे थे, जब यह दुखद घटना घटी। यह समूह तलवाड़िया (अत्तर) से खुशी-खुशी निकला था, लेकिन उनकी खुशी जल्दी ही मातम में बदल गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, ड्राइवर ने एक अन्य वाहन को ओवरटेक करने का प्रयास किया, लेकिन वह गाड़ी पर नियंत्रण खो बैठा। ओवरलोड ट्रक सड़क से उतरकर पलट गया और लगभग 25-30 फीट नीचे जा गिरा। कई यात्री वाहन के नीचे फंस गए, जिससे अफरातफरी मच गई। स्थानीय लोग निजी वाहनों और एम्बुलेंस की मदद से घायलों को बचाने के लिए घटनास्थल पर दौड़ पड़े।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ट्रक ड्राइवर एक अन्य ट्रक से आगे निकलने की कोशिश कर रहा था। इस घटना के बाद हम सबूत इकट्ठा कर रहे हैं और घायलों के बयान ले रहे हैं। घायलों को पहले सनावद अस्पताल ले जाया गया और बाद में खंडवा जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
अधिकारियों के अनुसार, उनमें से चौदह लोग गंभीर रूप से घायल हैं। बेहतर इलाज के लिए सभी को इंदौर के एमवाई अस्पताल रेफर किया गया है।
पुलिस ने इस दुर्घटना के मुख्य कारणों में ओवरलोडिंग, लापरवाही से ओवरटेक करना और ड्राइवर की लापरवाही को बताया है। ड्राइवर की स्थिति, वाहन की तकनीकी स्थिति और घटना के क्रम की जांच के लिए आगे की छानबीन जारी है। घायलों में से अधिकांश एक ही समुदाय के थे, जिसके कारण पूरे क्षेत्र में सदमे की लहर दौड़ गई।
स्थानीय प्रशासन प्रभावित परिवारों को हर संभव चिकित्सा और अन्य आवश्यक सहायता प्रदान कर रहा है। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है और यह जांच भी की जा रही है कि ट्रक ड्राइवर को लोगों को बिना किसी रोक-टोक के ले जाने की अनुमति कैसे मिली, विशेषकर जब लोग त्योहारों और पारिवारिक समारोहों के लिए इकट्ठा होते हैं।