बड़ा बयान: नकवी बोले — जनता तय करेगी कौन 'हीरो', कौन 'जीरो'; बंगाल में 90%25 रिकॉर्ड मतदान
सारांश
Key Takeaways
- पश्चिम बंगाल की 152 विधानसभा सीटों पर पहले चरण में शाम 6 बजे तक 90%25 रिकॉर्ड मतदान दर्ज किया गया।
- BJP नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा — चुनाव परीक्षा है, जनता परीक्षक है और वही 'हीरो' व 'जीरो' तय करेगी।
- नकवी ने निर्वाचन आयोग की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए स्वतंत्र और भयमुक्त मतदान को लोकतंत्र की जीत बताया।
- नकवी ने बंगाल में संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता पर गंभीर आरोप लगाए।
- कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की टिप्पणी पर पलटवार करते हुए नकवी ने कांग्रेस पर आतंकवाद पर नरमी और 'मोदीफोबिया' का आरोप लगाया।
- बंगाल और तमिलनाडु चुनाव परिणाम BJP की राष्ट्रीय राजनीतिक दिशा के लिए अहम माने जा रहे हैं।
नई दिल्ली, 23 अप्रैल: पश्चिम बंगाल की 152 विधानसभा सीटों पर पहले चरण में शाम 6 बजे तक करीब 90 फीसदी रिकॉर्ड मतदान दर्ज किया गया। इसी पृष्ठभूमि में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा कि चुनाव एक परीक्षा की तरह है — इसमें कौन 'हीरो' साबित होगा और कौन 'जीरो', यह फैसला सिर्फ और सिर्फ जनता करेगी।
चुनाव को परीक्षा की संज्ञा — नकवी का मुख्य बयान
नकवी ने तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि राजनीतिक दल इस परीक्षा में उम्मीदवार की भूमिका में होते हैं, जबकि जनता परीक्षक की कुर्सी पर बैठती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो दल जितनी मेहनत करेगा, जिसकी नीतियां और कार्यक्रम जितने मजबूत होंगे, जनता उसे उतने ही अधिक 'नंबर' देगी।
नकवी ने कहा, "जनता ही तय करती है कि आप 'जीरो' हैं या 'हीरो', पास हैं या फेल।" यह बयान ऐसे समय में आया है जब बंगाल में पहले चरण का मतदान ऐतिहासिक आंकड़ों को छू रहा था।
बंगाल में रिकॉर्ड मतदान — क्या कहते हैं आंकड़े
भारत निर्वाचन आयोग के अनुसार 23 अप्रैल को शाम 6 बजे तक पश्चिम बंगाल की 152 विधानसभा सीटों पर लगभग 90 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। नकवी ने इस उत्साहजनक मतदान प्रतिशत को लोकतंत्र की जीत बताया।
उन्होंने कहा कि सभी मतदाताओं ने पूरे जोश और उत्साह के साथ वोट डाला। साथ ही उन्होंने जोर दिया कि चुनाव बिना किसी भय के, स्वतंत्र और निष्पक्ष माहौल में संपन्न होने चाहिए और निर्वाचन आयोग द्वारा की गई सभी व्यवस्थाओं का ईमानदारी से पालन होना चाहिए।
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में चुनावी हिंसा का लंबा इतिहास रहा है। ऐसे में इस बार का उच्च और अपेक्षाकृत शांतिपूर्ण मतदान राजनीतिक विश्लेषकों के लिए भी महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
बंगाल में संवैधानिक पद और आपराधिक गतिविधियां — नकवी का गंभीर आरोप
नकवी ने पश्चिम बंगाल की राजनीतिक स्थिति पर गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि जब संवैधानिक पद पर बैठा व्यक्ति स्वयं आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त होता है, तो इससे अपराधियों को बढ़ावा मिलता है और लोकतंत्र की जड़ें कमजोर होती हैं।
यह बयान तृणमूल कांग्रेस (TMC) सरकार पर सीधा निशाना माना जा रहा है। उल्लेखनीय है कि पिछले कई वर्षों में बंगाल में चुनावी हिंसा, बूथ कैप्चरिंग और सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं पर हमले के आरोप लगातार सुर्खियों में रहे हैं। निर्वाचन आयोग ने इस बार केंद्रीय बलों की व्यापक तैनाती कर मतदान को सुरक्षित बनाने की कोशिश की, जिसकी नकवी ने सराहना की।
कांग्रेस पर हमला — 'मोदीफोबिया' और आतंकवाद पर नरमी का आरोप
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की विवादित टिप्पणी पर पलटवार करते हुए नकवी ने कहा कि कांग्रेस की सबसे बड़ी समस्या यह है कि वह आतंकवाद पर नरमी और राष्ट्रवाद पर गरमी दिखाती है।
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा, "आप कब तक मोदीफोबिया की बीमारी से ग्रस्त रहेंगे? पीएम मोदी को जितना कोसेंगे, आपका बेड़ागर्क उतना ही होगा।" यह बयान ऐसे समय में आया है जब कांग्रेस पर राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर अस्पष्ट रुख अपनाने के आरोप विपक्षी दलों द्वारा लगातार लगाए जा रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार BJP इन चुनावों में राष्ट्रवाद और सुशासन के एजेंडे को केंद्र में रखकर मतदाताओं को साधने की कोशिश कर रही है। बंगाल और तमिलनाडु दोनों राज्यों में BJP के लिए यह चुनाव अपनी जमीन मजबूत करने का एक अहम अवसर है।
आगे क्या — परिणाम और राजनीतिक समीकरण
पहले चरण के मतदान के बाद अब सभी की निगाहें आने वाले चरणों और अंततः मतगणना पर टिकी हैं। पश्चिम बंगाल में 294 विधानसभा सीटें हैं और यहां सत्ता की लड़ाई TMC, BJP और कांग्रेस-वाम गठबंधन के बीच त्रिकोणीय मानी जा रही है। नकवी के बयान से स्पष्ट है कि BJP इस चुनाव को सिर्फ एक राज्य की लड़ाई नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति की दिशा तय करने वाली परीक्षा के रूप में देख रही है।